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नैनी झील का जलस्तर हुआ शून्य
Updated Tue, 08 May 2018 01:53 AM IST
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नैनीताल की नैनी झील
- फोटो : अमर उजाला
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नैनीताल। तमाम प्रयासों के बाद भी नैनी झील का जलस्तर सोमवार को शून्य हो गया। अब माइनस होने की आशंका से अधिकारी परेशान हैं। अगर जल्द ही अच्छी बारिश न हुई तो वो दिन दूर नहीं जब पेयजल में और कटौती करने पर विचार किया जाने लगेगा।
नैनी झील यहां पानी का सबसे बड़ा स्रोत है। 43 हजार की जनसंख्या को नैनी झील से ही पानी मिलता है। पिछले तीन साल से नैनी झील का जलस्तर लगातार गिरता जा रहा है। अगर जल्द ही जलस्तर में सुधार न हुआ तो परिणाम बहुत ही भयावह हो सकते हैं। इससे बचने के लिए पिछले साल से कवायद चल रही है।
झील को प्रदूषण से बचाने और गिरते जलस्तर को रोकने की जिम्मेदारी सिंचाई विभाग को दी गई है। सिंचाई विभाग कई महीने से झील का जलस्तर शून्य होने से बचाने का प्रयास कर रहा है। जनता के पेयजल में भी कटौती कर दी गई।
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पेयजल उपलब्धता 24 घंटे की जगह छह घंटे हो गई है। इससे झील के स्तर में कुछ सुधार तो आया है, लेकिन यह इतना नहीं था कि जलस्तर को शून्य होने से बचा पाता। सात दिन में जलस्तर तीन इंच से घटकर शून्य तक पहुंच गया है।
पिछले साल मार्च के पहले ही नैनी झील का जलस्तर शून्य हो गया था। हमारे प्रयासों के चलते इस साल मई के पहले सप्ताह में शून्य तक पहुंचा है। जलस्तर में और सुधार करने का प्रयास किया जा रहा है।
मदन मोहन जोशी, सहायक अभियंता, सिंचाई विभाग
सप्ताह भर में यूं गिरा जलस्तर
मंगलवार -3
बुधवार-2.4
बृहस्पतिवार-2.4
शुक्रवार-1.8
शनिवार-1
रविवार-.50
सोमवार-00
नैनी झील का जलस्तर हुआ शून्य
-माइनस होने की आशंका से अधिकारी बेचैन
-सिर्फ बारिश बढ़ा सकती है झील का जलस्तर
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नैनी झील यहां पानी का सबसे बड़ा स्रोत है। 43 हजार की जनसंख्या को नैनी झील से ही पानी मिलता है। पिछले तीन साल से नैनी झील का जलस्तर लगातार गिरता जा रहा है। अगर जल्द ही जलस्तर में सुधार न हुआ तो परिणाम बहुत ही भयावह हो सकते हैं। इससे बचने के लिए पिछले साल से कवायद चल रही है।
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झील को प्रदूषण से बचाने और गिरते जलस्तर को रोकने की जिम्मेदारी सिंचाई विभाग को दी गई है। सिंचाई विभाग कई महीने से झील का जलस्तर शून्य होने से बचाने का प्रयास कर रहा है। जनता के पेयजल में भी कटौती कर दी गई।
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पेयजल उपलब्धता 24 घंटे की जगह छह घंटे हो गई है। इससे झील के स्तर में कुछ सुधार तो आया है, लेकिन यह इतना नहीं था कि जलस्तर को शून्य होने से बचा पाता। सात दिन में जलस्तर तीन इंच से घटकर शून्य तक पहुंच गया है।
पिछले साल मार्च के पहले ही नैनी झील का जलस्तर शून्य हो गया था। हमारे प्रयासों के चलते इस साल मई के पहले सप्ताह में शून्य तक पहुंचा है। जलस्तर में और सुधार करने का प्रयास किया जा रहा है।
मदन मोहन जोशी, सहायक अभियंता, सिंचाई विभाग
सप्ताह भर में यूं गिरा जलस्तर
मंगलवार -3
बुधवार-2.4
बृहस्पतिवार-2.4
शुक्रवार-1.8
शनिवार-1
रविवार-.50
सोमवार-00
नैनी झील का जलस्तर हुआ शून्य
-माइनस होने की आशंका से अधिकारी बेचैन
-सिर्फ बारिश बढ़ा सकती है झील का जलस्तर