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वैज्ञानिक जल की जानकारी हासिल करें:डॉ.मिश्रा
Updated Tue, 02 Jan 2018 11:58 PM IST
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पंतनगर। पंतनगर विश्वविद्यालय के प्रौद्योगिकी महाविद्यालय में अल्पावधि प्रशिक्षण पाठ्यक्रम चल रहा है। इसका विषय ‘कंप्यूटेशनल मैथड्स ऑफ हाइड्रोलॉजिक सिस्टम’ है। इसके उद्घाटन सत्र के मुख्य वक्ता कैलीफोर्निया स्टेट यूनिवर्सिटी, फुलरटन, कैलीफोर्निया के प्राध्यापक एवं जनपद अभियांत्रिकी के विभागाध्यक्ष डॉ. फुलेंद्र के मिश्रा रहे। उन्होंने कहा कि जल को प्रदूषित करने वाले अवयवों, जल की रफ्तार आदि की जानकारी वैज्ञानिकों को होनी चाहिए।
छह दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन ज्ञान (जीआईएएन) योजना के अंतर्गत सिविल इंजीनियर विभाग ने किया है। डॉ. मिश्रा ने कहा कि जल की वैज्ञानिक जानकारी होने पर कृषि को लाभकारी बनाया जा सकता है। आपदा से भी बचाव किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि भूजल को प्रदूषित करने वाले अवयव भूमि में तेजी से फैलते हैं। उन्होंने ऐसे सॉफ्टवेयर तैयार किए हैं, जिन्हें अपनाकर जल की तीव्रता, प्रदूषण फैलाने वाले अवयवों की जानकारी ली जा सकती है। यह जानकारी सिंचाई करने, डैम, बांध निर्माण में मदद देगी। प्रौद्योगिक महाविद्यालय के अधिष्ठाता डॉ. एचसी शर्मा, जनपद अभियांत्रिकी के प्राध्यापक एवं ज्ञान के स्थानीय समन्वयक डॉ. एचजे शिवा प्रसाद, कार्यक्रम संयोजक डॉ. संजीव सुमन, जनपद अभियांत्रिकी के विभागाध्यक्ष डॉ. एसएस गुप्ता, कार्यक्रम के सहसंयोजक डॉ. संदीप गुप्ता ने भी विचार व्यक्त किए।
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छह दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन ज्ञान (जीआईएएन) योजना के अंतर्गत सिविल इंजीनियर विभाग ने किया है। डॉ. मिश्रा ने कहा कि जल की वैज्ञानिक जानकारी होने पर कृषि को लाभकारी बनाया जा सकता है। आपदा से भी बचाव किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि भूजल को प्रदूषित करने वाले अवयव भूमि में तेजी से फैलते हैं। उन्होंने ऐसे सॉफ्टवेयर तैयार किए हैं, जिन्हें अपनाकर जल की तीव्रता, प्रदूषण फैलाने वाले अवयवों की जानकारी ली जा सकती है। यह जानकारी सिंचाई करने, डैम, बांध निर्माण में मदद देगी। प्रौद्योगिक महाविद्यालय के अधिष्ठाता डॉ. एचसी शर्मा, जनपद अभियांत्रिकी के प्राध्यापक एवं ज्ञान के स्थानीय समन्वयक डॉ. एचजे शिवा प्रसाद, कार्यक्रम संयोजक डॉ. संजीव सुमन, जनपद अभियांत्रिकी के विभागाध्यक्ष डॉ. एसएस गुप्ता, कार्यक्रम के सहसंयोजक डॉ. संदीप गुप्ता ने भी विचार व्यक्त किए।
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