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1100 छात्रों के प्रवेश अटके
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प्रतीकात्मक।
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हल्द्वानी। एमबीपीजी कॉलेज में बीए, बीकॉम और बीएससी प्रथम वर्ष की परीक्षा में एक विषय में फेल 1100 से अधिक छात्रों के द्वितीय वर्ष में प्रवेश अटक गए हैं। इन विद्यार्थियों को पूर्व में प्रोवीजनल प्रवेश दिया जाता था लेकिन इस वर्ष असमंजस की स्थिति बनी हुई है। परेशान विद्यार्थी अब कॉलेज के चक्कर लगा रहे हैं।
एमबीपीजी कॉलेज में छात्रों की मांग पर वर्ष 2019-20 सत्र में स्नातक स्तर पर पुन: वार्षिक प्रणाली लागू की गई थी। बीए, बीकॉम एवं बीएससी प्रथम वर्ष में दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों की मुख्य परीक्षाएं तय समय मार्च 2020 में कोविड-19 के कारण नहीं हो सकी थीं। कुमाऊं विवि ने मुख्य परीक्षाएं सितंबर 2020 में आयोजित की थीं, जिसके परिणाम आ चुके हैं। इसके बाद स्नातक और स्नातकोत्तर कक्षाओं में ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो गई। इधर, बीए, बीएससी और बीकॉम प्रथम वर्ष की मुख्य परीक्षा में करीब चार हजार विद्यार्थियों में 1100 विद्यार्थी एक विषय में अनुत्तीर्ण हुए हैं लेकिन इन विद्यार्थियों के स्नातक द्वितीय वर्ष में ऑनलाइन प्रवेश नहीं हो पा रहे हैं जबकि उत्तीर्ण विद्यार्थियों के प्रवेश हो गए हैं तथा जिनकी मार्कशीट नहीं आ सकीं थीं उनके इस समय ऑनलाइन प्रवेश की प्रक्रिया चल रही है। एमआईएस एवं प्रवेश प्रभारी डा. एसएन सिद्व ने प्रभारी प्राचार्य को इस बारे में बृहस्पतिवार को अवगत भी कराया।
पूर्व में एक विषय में अनुत्तीर्ण विद्यार्थियों को प्रोवीजनल प्रवेश देने की व्यवस्था थी लेकिन अब सेमेस्टर प्रणाली के बाद वार्षिक प्रणाली में क्या प्रावधान है, इसे देखा जा रहा है। इन विद्यार्थियों के स्नातक द्वितीय वर्ष में प्रोवीजनल प्रवेश न हो पाने की समस्या का जल्द समाधान किया जाएगा।
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- डॉ. बीआर पंत, प्रभारी प्राचार्य
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एमबीपीजी कॉलेज में छात्रों की मांग पर वर्ष 2019-20 सत्र में स्नातक स्तर पर पुन: वार्षिक प्रणाली लागू की गई थी। बीए, बीकॉम एवं बीएससी प्रथम वर्ष में दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों की मुख्य परीक्षाएं तय समय मार्च 2020 में कोविड-19 के कारण नहीं हो सकी थीं। कुमाऊं विवि ने मुख्य परीक्षाएं सितंबर 2020 में आयोजित की थीं, जिसके परिणाम आ चुके हैं। इसके बाद स्नातक और स्नातकोत्तर कक्षाओं में ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो गई। इधर, बीए, बीएससी और बीकॉम प्रथम वर्ष की मुख्य परीक्षा में करीब चार हजार विद्यार्थियों में 1100 विद्यार्थी एक विषय में अनुत्तीर्ण हुए हैं लेकिन इन विद्यार्थियों के स्नातक द्वितीय वर्ष में ऑनलाइन प्रवेश नहीं हो पा रहे हैं जबकि उत्तीर्ण विद्यार्थियों के प्रवेश हो गए हैं तथा जिनकी मार्कशीट नहीं आ सकीं थीं उनके इस समय ऑनलाइन प्रवेश की प्रक्रिया चल रही है। एमआईएस एवं प्रवेश प्रभारी डा. एसएन सिद्व ने प्रभारी प्राचार्य को इस बारे में बृहस्पतिवार को अवगत भी कराया।
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पूर्व में एक विषय में अनुत्तीर्ण विद्यार्थियों को प्रोवीजनल प्रवेश देने की व्यवस्था थी लेकिन अब सेमेस्टर प्रणाली के बाद वार्षिक प्रणाली में क्या प्रावधान है, इसे देखा जा रहा है। इन विद्यार्थियों के स्नातक द्वितीय वर्ष में प्रोवीजनल प्रवेश न हो पाने की समस्या का जल्द समाधान किया जाएगा।
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- डॉ. बीआर पंत, प्रभारी प्राचार्य