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धोखाधड़ी के मामले में वांछित आरोपी गिरफ्तार, जेल भेजा
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कोतवाली पुलिस ने धोखाधड़ी समेत विभिन्न धाराओं में वांछित एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने उसे शुक्रवार को एसीजेएम कोर्ट में पेश किया। कोर्ट के आदेश पर उसे न्यायिक अभिरक्षा में पौड़ी जेल भेज दिया गया है।
कोतवाल नरेंद्र सिंह बिष्ट ने बताया कि अनूप बिहार कालोनी निवासी सरोजबाला गौड़ पत्नी जनार्द्धन प्रसाद ने पुलिस को विगत 14 जून को तहरीर दी थी। तहरीर में कहा गया कि उसने काशीरामपुर निवासी संजय सिंह नेगी से 2010 में भूतल पर बनी चार दुकानें व पहली मंजिल पर तीन कमरे का सौदा किया। इसकी एवज में 13 लाख 72 हजार रुपये का भुगतान किया। 21 मई 2015 को आरोपी ने सब रजिस्ट्रार कार्यालय कोटद्वार में बयनामा पंजीकृत भी करा दिया।
नवंबर 2015 में उक्त दुकान और मकान को अपना बताते हुए राजकुमार उनियाल ने सरोजबाला के खिलाफ अवैध कब्जे बाबत कोर्ट में वाद दायर कर दिया। न्यायालय सिविल जज (सी.डी.) ने उन्हें अवैध कब्जाधारक मानकर एक हजार रुपये प्रतिमाह की दर से हर्जा इस्तेमाली व संपत्ति का वास्तविक कब्जा मूल स्वामी को सौंपने के आदेश दिए। इसके बाद सरोज बाला ने जिला न्यायालय, हाईकोर्ट नैनीताल और सुप्रीम कोर्ट दिल्ली में अपील की लेकिन सभी का फैसला उनके खिलाफ आया। इसके बाद वृद्ध महिला सरोजबाला ने संजय नेगी पर धोखाधड़ी और उसके जीवनभर की पूंजी हड़पने का आरोप लगाते हुए एक मार्च 2021 को केस दर्ज कराया। विवेचना में पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आईपीसी की धाराओं 420, 467, 468, 471 का मामला पाया। सीजेएम कोर्ट ने इस मामले में पुलिस को आरोपी को गिरफ्तार करने के आदेश जारी किए थे, लेकिन आरोपी पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ पा रहा था। इसके बाद कोर्ट ने मामले में आरोपी की संपत्ति कुर्क करने के आदेश जारी किए। कोतवाल ने बताया कि आरोपी संजय नेगी को बृहस्पतिवार रात को गिरफ्तार किया।
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कोतवाल नरेंद्र सिंह बिष्ट ने बताया कि अनूप बिहार कालोनी निवासी सरोजबाला गौड़ पत्नी जनार्द्धन प्रसाद ने पुलिस को विगत 14 जून को तहरीर दी थी। तहरीर में कहा गया कि उसने काशीरामपुर निवासी संजय सिंह नेगी से 2010 में भूतल पर बनी चार दुकानें व पहली मंजिल पर तीन कमरे का सौदा किया। इसकी एवज में 13 लाख 72 हजार रुपये का भुगतान किया। 21 मई 2015 को आरोपी ने सब रजिस्ट्रार कार्यालय कोटद्वार में बयनामा पंजीकृत भी करा दिया।
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नवंबर 2015 में उक्त दुकान और मकान को अपना बताते हुए राजकुमार उनियाल ने सरोजबाला के खिलाफ अवैध कब्जे बाबत कोर्ट में वाद दायर कर दिया। न्यायालय सिविल जज (सी.डी.) ने उन्हें अवैध कब्जाधारक मानकर एक हजार रुपये प्रतिमाह की दर से हर्जा इस्तेमाली व संपत्ति का वास्तविक कब्जा मूल स्वामी को सौंपने के आदेश दिए। इसके बाद सरोज बाला ने जिला न्यायालय, हाईकोर्ट नैनीताल और सुप्रीम कोर्ट दिल्ली में अपील की लेकिन सभी का फैसला उनके खिलाफ आया। इसके बाद वृद्ध महिला सरोजबाला ने संजय नेगी पर धोखाधड़ी और उसके जीवनभर की पूंजी हड़पने का आरोप लगाते हुए एक मार्च 2021 को केस दर्ज कराया। विवेचना में पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आईपीसी की धाराओं 420, 467, 468, 471 का मामला पाया। सीजेएम कोर्ट ने इस मामले में पुलिस को आरोपी को गिरफ्तार करने के आदेश जारी किए थे, लेकिन आरोपी पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ पा रहा था। इसके बाद कोर्ट ने मामले में आरोपी की संपत्ति कुर्क करने के आदेश जारी किए। कोतवाल ने बताया कि आरोपी संजय नेगी को बृहस्पतिवार रात को गिरफ्तार किया।
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