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कार्बेट से लगे गांवों के पैदल मार्गों का होगा चौड़ीकरण
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रिखणीखाल ब्लाक के अंतर्गत कार्बेट पार्क से सटी मंदाल घाटी।
- फोटो : KOTDWAR
कार्बेट पार्क से लगे रिखणीखाल ब्लाक के मंदाल व पैनों घाटी के करीब दो दर्जन गांवों के पैदल मार्गों की सफाई व चौड़ीकरण का कार्य जल्द ही कालागढ़ टाइगर रिजर्व (केटीआर) वन प्रभाग कराएगा। इससे जहां पैदल मार्गों में ग्रामीण सुगमता के साथ आवाजाही कर सकेंगे, वहीं जंगली जानवरों का खतरा भी कम होगा। कार्बेट टाइगर रिजर्व (सीटीआर) के निदेशक राहुल ने इस संबंध में केटीआर वन प्रभाग के डीएफओ प्रकाश आर्य को निर्देशित किया है।
कार्बेट पार्क से लगे रिखणीखाल ब्लाक के मंदाल व पैनों घाटी के अंतर्गत धामधार, झर्त, कर्तिया, नौदानू, बंजादेवी, कांडा नाला, पांड, तैडिया, बसुसेरा, कालिंको, हेडाग्वाड़, दियोढ़, जवाड़ियों रौल, रथुवाढाब, कुमाल्ड़ी, ल्वींठा, गिठाणा, डोबरिया, ढिकोलिया समेत करीब दो दर्जन गांवों के लोग पैदल आवाजाही कर मुख्य सड़क पर पहुंचते हैं। वन विभाग की ओर से फायर लाइन के दौरान रास्तों को साफ नहीं किया जा रहा था। इन मार्गों में कई वन मोटर मार्ग भी शामिल थे। झाड़ियों की सफाई न होने से पैदल आवाजाही करते वक्त जंगली जानवरों के हमले का खतरा भी बना रहता है। क्षेत्र के ग्रामीण लंबे समय से पैदल मार्गों में उगी झाड़ियों की सफाई करने व चौड़ीकरण की मांग करते आ रहे थे।
क्षेत्र पंचायत सदस्य कर्तिया बिनीता ध्यानी ने बताया कि इस संबंध में वन मंत्रालय और जिला प्रशासन को पूर्व में पत्र भेजा गया था, जिस पर सीटीआर के निदेशक राहुल की ओर से केटीआर के डीएफओ प्रकाश आर्य को कार्रवाई करने के लिए निर्देशित किया गया है। डीएफओ प्रकाश आर्य ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि मार्गों को खुलवा दिया गया है। बजट मिलने पर पैदल मार्गों की सफाई व चौड़ीकरण का कार्य भी जल्द कराया जाएगा।
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कार्बेट पार्क से लगे रिखणीखाल ब्लाक के मंदाल व पैनों घाटी के अंतर्गत धामधार, झर्त, कर्तिया, नौदानू, बंजादेवी, कांडा नाला, पांड, तैडिया, बसुसेरा, कालिंको, हेडाग्वाड़, दियोढ़, जवाड़ियों रौल, रथुवाढाब, कुमाल्ड़ी, ल्वींठा, गिठाणा, डोबरिया, ढिकोलिया समेत करीब दो दर्जन गांवों के लोग पैदल आवाजाही कर मुख्य सड़क पर पहुंचते हैं। वन विभाग की ओर से फायर लाइन के दौरान रास्तों को साफ नहीं किया जा रहा था। इन मार्गों में कई वन मोटर मार्ग भी शामिल थे। झाड़ियों की सफाई न होने से पैदल आवाजाही करते वक्त जंगली जानवरों के हमले का खतरा भी बना रहता है। क्षेत्र के ग्रामीण लंबे समय से पैदल मार्गों में उगी झाड़ियों की सफाई करने व चौड़ीकरण की मांग करते आ रहे थे।
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क्षेत्र पंचायत सदस्य कर्तिया बिनीता ध्यानी ने बताया कि इस संबंध में वन मंत्रालय और जिला प्रशासन को पूर्व में पत्र भेजा गया था, जिस पर सीटीआर के निदेशक राहुल की ओर से केटीआर के डीएफओ प्रकाश आर्य को कार्रवाई करने के लिए निर्देशित किया गया है। डीएफओ प्रकाश आर्य ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि मार्गों को खुलवा दिया गया है। बजट मिलने पर पैदल मार्गों की सफाई व चौड़ीकरण का कार्य भी जल्द कराया जाएगा।
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