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सड़क पास नहीं, लोगों की जान जोखिम में लेकर दौड़ रही की बसें
Updated Sun, 09 Sep 2018 10:44 PM IST
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बीरोंखाल। क्षेत्र में रामनगर वाया बीरोंखाल से रिखणीखाल जाने वाली प्राइवेट बस का रूट चालकों ने अपनी मनमर्जी से बदल दिया है। चालक सवारियों की जान जोखिम में डालकर बिना परिवहन विभाग की स्वीकृत सड़क पर बस दौड़ा रहे हैं। क्षेत्रवासियों ने बस कंपनी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। लोगों ने परिवहन विभाग के निर्धारित रूट पर बस संचालन की मांग उठाई है।
जिला पंचायत सदस्य यशपाल पटवाल ने कहा कि बस संचालकों की मनमर्जी से ही हादसे होते रहते हैं। अचानक बस का रूट बदलकर बीरोंखाल से तल्ला डुमैला, भमराई होते हुए रिखणीखाल कर दिया गया है, जबकि यह मार्ग प्रधानमंत्री सड़क योजना के तहत बना है और परिवहन अधिकारियों ने इस मार्ग पर वाहन संचालन की अनुमति नहीं दी है। समाजसेवी अरुण कुमार व प्रभाकर पोखरियाल ने कहा कि कुछ माह पूर्व धुमाकोट-बमणीसैंण मार्ग पर सड़क हादसा हुआ था। इसमें 48 बेकसूर यात्री असमय ही काल का ग्रास बन गए थे। सड़क हादसे की पुनरावृत्ति रोकने के लिए निर्धारित रूट पर ही बस का संचालन होना चाहिए। उन्होंने बसों का संचालन पूर्व की भांति नहीं किए जाने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
उधर, एआरटीओ पौड़ी द्वारिका प्रसाद ने बताया कि यदि इस सड़क पर वाहनों के संचालन की अनुमति नहीं है तो बस कंपनी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध में संबंधित अधिकारियों को कार्रवाई के निर्देश दिए जा रहे हैं।
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जिला पंचायत सदस्य यशपाल पटवाल ने कहा कि बस संचालकों की मनमर्जी से ही हादसे होते रहते हैं। अचानक बस का रूट बदलकर बीरोंखाल से तल्ला डुमैला, भमराई होते हुए रिखणीखाल कर दिया गया है, जबकि यह मार्ग प्रधानमंत्री सड़क योजना के तहत बना है और परिवहन अधिकारियों ने इस मार्ग पर वाहन संचालन की अनुमति नहीं दी है। समाजसेवी अरुण कुमार व प्रभाकर पोखरियाल ने कहा कि कुछ माह पूर्व धुमाकोट-बमणीसैंण मार्ग पर सड़क हादसा हुआ था। इसमें 48 बेकसूर यात्री असमय ही काल का ग्रास बन गए थे। सड़क हादसे की पुनरावृत्ति रोकने के लिए निर्धारित रूट पर ही बस का संचालन होना चाहिए। उन्होंने बसों का संचालन पूर्व की भांति नहीं किए जाने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
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उधर, एआरटीओ पौड़ी द्वारिका प्रसाद ने बताया कि यदि इस सड़क पर वाहनों के संचालन की अनुमति नहीं है तो बस कंपनी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध में संबंधित अधिकारियों को कार्रवाई के निर्देश दिए जा रहे हैं।
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