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चार सूत्रीय मांगों को लेकर क्षेत्र के दिव्यांगों ने किया तहसील में प्रदर्शन
Updated Tue, 11 Sep 2018 10:24 PM IST
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कोटद्वार। अमर शहीद स्मृति दिव्यांग एवं नेत्रहीन संस्थान के बैनर तले क्षेत्र के दिव्यांगों ने चार सूत्री मांगों को लेकर मंगलवार को तहसील में प्रदर्शन किया। इस मौके पर एसडीएम के माध्यम से जिलाधिकारी और राज्यपाल को ज्ञापन प्रेषित कर मांगों के निराकरण की मांग की गई।
मंगलवार को क्षेत्र के दिव्यांग यहां हिंदू पंचायती धर्मशाला में एकत्र हुए। यहां से उन्होंने नगर में अपनी चार सूत्री मांगों को लेकर जुलूस निकाल प्रदर्शन किया। जुलूस तहसील पहुंचकर सभा में तब्दील हो गया। इस मौके पर वक्ताओं ने कहा कि दिव्यांग और युद्ध दिव्यांग जनों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए व्यावसायिक प्रशिक्षण केंद्र व कृत्रिम अंग निर्माण कार्यशाला के निर्माण के लिए खूनीबड़ गांव में 0.12 हेक्टेयर भूमि पट्टे पर आवंटित करने के लिए शासन ने दो वर्ष पूर्व स्वीकृति प्रदान कर दी थी। अभी तक भूमि का हस्तांतरण संस्थान को नहीं हुआ है। इस मौके पर संस्थान को अविलंब भूमि का हस्तांतरण करने, दिव्यांगों के लिए लगाए जाने वाले कैंपों का आयोजन संस्थान में कराने, रेलवे पास की कार्रवाई मुरादाबाद के बजाय नजदीकी रेलवे स्टेशन में पूरी कराने, शादी, छात्रवृत्ति, व्यावसायिक अनुदान की प्रक्रिया को सरल और सुगम बनाने व कम से कम दस हजार पेंशन देने की मांग की गई।
प्रदर्शन करने वालों में महानंद ध्यानी, अध्यक्ष भोपाल सिंह रावत, उपाध्यक्ष लीलाधर जजेड़ी, सचिव नरेंद्र सिंह रावत, उपसचिव उदयराम सेमवाल, कोषाध्यक्ष रेशमा छावड़ा, राजकुमार छावड़ा, गोपालकृष्ण बड़थ्वाल, कैलाश चंद्र जदली, विनोद कुमार, प्रेम सिंह नेगी, फकीर चंद, गणेश चंद, ईशा भंडारी, रवींद्र सिंह रावत, प्रदीप रावत, शंकर दत्त सती, यशोदा रावत व सावित्री कश्यप आदि शामिल रहे।
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मंगलवार को क्षेत्र के दिव्यांग यहां हिंदू पंचायती धर्मशाला में एकत्र हुए। यहां से उन्होंने नगर में अपनी चार सूत्री मांगों को लेकर जुलूस निकाल प्रदर्शन किया। जुलूस तहसील पहुंचकर सभा में तब्दील हो गया। इस मौके पर वक्ताओं ने कहा कि दिव्यांग और युद्ध दिव्यांग जनों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए व्यावसायिक प्रशिक्षण केंद्र व कृत्रिम अंग निर्माण कार्यशाला के निर्माण के लिए खूनीबड़ गांव में 0.12 हेक्टेयर भूमि पट्टे पर आवंटित करने के लिए शासन ने दो वर्ष पूर्व स्वीकृति प्रदान कर दी थी। अभी तक भूमि का हस्तांतरण संस्थान को नहीं हुआ है। इस मौके पर संस्थान को अविलंब भूमि का हस्तांतरण करने, दिव्यांगों के लिए लगाए जाने वाले कैंपों का आयोजन संस्थान में कराने, रेलवे पास की कार्रवाई मुरादाबाद के बजाय नजदीकी रेलवे स्टेशन में पूरी कराने, शादी, छात्रवृत्ति, व्यावसायिक अनुदान की प्रक्रिया को सरल और सुगम बनाने व कम से कम दस हजार पेंशन देने की मांग की गई।
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प्रदर्शन करने वालों में महानंद ध्यानी, अध्यक्ष भोपाल सिंह रावत, उपाध्यक्ष लीलाधर जजेड़ी, सचिव नरेंद्र सिंह रावत, उपसचिव उदयराम सेमवाल, कोषाध्यक्ष रेशमा छावड़ा, राजकुमार छावड़ा, गोपालकृष्ण बड़थ्वाल, कैलाश चंद्र जदली, विनोद कुमार, प्रेम सिंह नेगी, फकीर चंद, गणेश चंद, ईशा भंडारी, रवींद्र सिंह रावत, प्रदीप रावत, शंकर दत्त सती, यशोदा रावत व सावित्री कश्यप आदि शामिल रहे।
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