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गुझिया व नमकीन की खुशबू से महक रहा बाजार
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होली पर्व के लिए मिठाई की दुकान में रखी मिठाई।
- फोटो : HARIDWAR
होली के खुमार में मिठाइयों का जिक्र न हो, भला ये कैसे हो सकता है। होली में रंगों की मस्ती में डूबे लोग मिठाइयों का भी जमकर लुत्फ उठाते हैं। यही वजह है कि मिठाइयों की दुकानों पर भी होली की तैयारी शुरू हो गई है। सभी दुकानें तमाम तरह की पारंपरिक मिठाइयों से सज गई हैं। मिठाई में गुझिया से लेकर लौंगलता तो नमकीन में मठरी से लेकर भुजिया सेव दुकानों पर ग्राहकों के मन को ललचा रही है। वहीं घरों में भी स्वादिष्ट व्यंजन बनाने में महिलाएं जुट गई है।
धर्मनगरी होली के खुमार में डूबने के लिए तैयार हो रही है। रंगों से बाजार सज चुके हैं, मिठाई की दुकानों पर भी यही हाल है। पिछले कुछ सालों में रेडीमेड गुझिया का चलन काफी बढ़ा है। ऐसे में त्योहार पर मेहमानों के स्वागत की परंपरा बदल गई है। अब घर के बने पकवानों के बजाय रेडीमेड फूड आइटम से काम चलाया जा रहा है। यही कारण है कि न केवल रेडीमेड गुझिया, बल्कि मठरी, बेसन के सेव व अन्य खाद्य पदार्थों की जमकर बिक्री होने लगी है।
रानीपुर मोड़ स्थित बीकानेर स्वीट्स के संचालक मगराज स्वामी ने बताया कि वजन और सामग्री के हिसाब से हम पैकेट तैयार कर रहे हैं। इन पैकेटों को लोग गिफ्ट के तौर पर भी इस्तेमाल कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि 400 से लेकर 450 रुपये तक की गुझिया खरीदी जा रही है। इसके अलावा लौंगलता, चंद्रकला, केसर वाले पेड़े व मट्ठी भी लोग पसंद कर रहे हैं। रसीले ठंडई गुलाब जामुन भी लोगों का भा रहा है।
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दाल की नमकीन अधिक पसंद
होली पर तरह-तरह की नमकीन का भी अपना अलग मजा है। कई दिनों से घरों में कचरी-पापड़ के साथ नमकीन बनाने की तैयारी भी शुरू हो चुकी है। दुकानों पर भी खासा स्टॉक नमकीन का लगा है। ज्वालापुर फाटक स्थित जिया नमकीन व पूजा स्वीट्स के स्वामी उदित बाटला ने बताया कि तमाम तरह के नमकीन के आइटम मंगाए गए हैं। आज भी सबसे अधिक डिमांड चना, मूंग व अन्य दालों की है। दाल के समोसे भी ग्राहकों द्वारा खास पसंद किए जा रहे हैं।
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धर्मनगरी होली के खुमार में डूबने के लिए तैयार हो रही है। रंगों से बाजार सज चुके हैं, मिठाई की दुकानों पर भी यही हाल है। पिछले कुछ सालों में रेडीमेड गुझिया का चलन काफी बढ़ा है। ऐसे में त्योहार पर मेहमानों के स्वागत की परंपरा बदल गई है। अब घर के बने पकवानों के बजाय रेडीमेड फूड आइटम से काम चलाया जा रहा है। यही कारण है कि न केवल रेडीमेड गुझिया, बल्कि मठरी, बेसन के सेव व अन्य खाद्य पदार्थों की जमकर बिक्री होने लगी है।
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रानीपुर मोड़ स्थित बीकानेर स्वीट्स के संचालक मगराज स्वामी ने बताया कि वजन और सामग्री के हिसाब से हम पैकेट तैयार कर रहे हैं। इन पैकेटों को लोग गिफ्ट के तौर पर भी इस्तेमाल कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि 400 से लेकर 450 रुपये तक की गुझिया खरीदी जा रही है। इसके अलावा लौंगलता, चंद्रकला, केसर वाले पेड़े व मट्ठी भी लोग पसंद कर रहे हैं। रसीले ठंडई गुलाब जामुन भी लोगों का भा रहा है।
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दाल की नमकीन अधिक पसंद
होली पर तरह-तरह की नमकीन का भी अपना अलग मजा है। कई दिनों से घरों में कचरी-पापड़ के साथ नमकीन बनाने की तैयारी भी शुरू हो चुकी है। दुकानों पर भी खासा स्टॉक नमकीन का लगा है। ज्वालापुर फाटक स्थित जिया नमकीन व पूजा स्वीट्स के स्वामी उदित बाटला ने बताया कि तमाम तरह के नमकीन के आइटम मंगाए गए हैं। आज भी सबसे अधिक डिमांड चना, मूंग व अन्य दालों की है। दाल के समोसे भी ग्राहकों द्वारा खास पसंद किए जा रहे हैं।