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मातृसदन का आंदोलन 15 से
ब्यूरो/अमर उजाला, हरिद्वार
Updated Thu, 11 Feb 2016 12:00 AM IST
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हरिद्वार। गंगा में खनन के खिलाफ आंदोलनरत मातृसदन के परमाध्यक्ष स्वामी शिवानंद सरस्वती ने 15 फरवरी से फिर आंदोलन (तपस्या) करने की चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि कुंभ मेले के विस्तार के लिए भोगपुर तक कुंभ मेले के प्रशासनिक प्रत्यावेदन के अनुरूप किए जाने की मांग मातृसदन ने की थी, लेकिन अभी तक सरकार की ओर से इस बारे में कोई कार्रवाई नहीं की गई।
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बुधवार को मातृसदन में पत्रकारों से वार्ता करते हुए स्वामी शिवानंद सरस्वती ने कहा कि कुंभ मेले का विस्तार किए जाने की संस्तुति वर्ष 2010 के प्रशासनिक प्रत्यावेदन में की गई थी, लेकिन अभी तक इस बारे में आदेश नहीं किया गया। पिछले साल आठ जून को मातृसदन में आए मुख्यमंत्री हरीश रावत ने इस बारे में कार्रवाई का भरोसा दिलाया था। इससे पहले तत्कालीन मुख्य सचिव राकेश शर्मा भी दो जून को वार्ता कर गए थे, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने कहा कि मेलाधिकारी की रिपोर्ट को नकार कर जब देवप्रयाग तक कुंभ मेला क्षेत्र का विस्तार किया जा सकता है तो भोगपुर तक विस्तार क्यों नहीं किया जा सकता। उन्होंने बताया कि इस आशय का शासन का पत्र भी सरकारी कार्यालय से गायब कर दिया गया है। स्वामी शिवानंद सरस्वती ने गंगा में खनन को रोजगार से जोड़कर प्रचारित करने को गलत बताया। कहा, गंगा तो शुरू से ही रोजगार दे रही है। उन्होंने कहा कि लग्जरी गाड़ियों, ट्रक तथा ट्रैक्टरों के मालिक कैसे बेरोजगार हो सकते हैं।
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