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किसानों को रुला रही बिजली कटौती
Haridwar
Updated Wed, 21 Nov 2012 12:00 PM IST
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चुड़ियाला। बिजली कटौती ने किसानों को खासा परेशान कर दिया है। बिजली न आने से किसानों के नलकूप नहीं चल पा रहे हैं। इसके चलते खेतों की सिंचाई नहीं हो रही है। वहीं ग्रामीण क्षेत्र में कटौती के चलते लोगों को खासी परेशानी उठानी पड़ रही है।
गेंहू की बुआई शुरू हो गई है, लेकिन पानी की कमी के कारण क्षेत्र के किसान पिछड़ते जा रहे हैं। इसका कारण बारिश न होना तो है ही, साथ ही बिजली कटौती भी है। बिजली कटौती अधिक होने से किसान नलकूपों से भी पानी नहीं दे पा रहे हैं। भगवानपुर, चुडियाला, झबरेड़ा आदि क्षेत्रों मेे जमकर बिजली कटौती हो रही है। सुबह पांच बजे से गुल हुई बिजली दोपहर 12 बजे के बाद आती है। जबकि एक दो घंटे के बाद फिर कटौती शुरू हो जाती है। देर शाम आठ बजे के बाद कुछ स्थिति सुधरती है तो बार बार लोकल ट्रिपिंग परेशान कर देती है। बिजली की इस स्थिति की वजह किसान खेतों की सिंचाई नहीं कर पा रहे हैं। इससे किसानों में भारी रोष है।
ऊर्जा निगम के अधिशासी अभियंता का कहना है कि कटौती कम से कम हो इसके लिए प्रयास किए जा रहे हैं। कंट्रोल रूम से भी बिजली कटौती होती रहती है। आपूर्ति सुचारु रखने के प्रयास किये जा रहे हैं।
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गेंहू की बुआई शुरू हो गई है, लेकिन पानी की कमी के कारण क्षेत्र के किसान पिछड़ते जा रहे हैं। इसका कारण बारिश न होना तो है ही, साथ ही बिजली कटौती भी है। बिजली कटौती अधिक होने से किसान नलकूपों से भी पानी नहीं दे पा रहे हैं। भगवानपुर, चुडियाला, झबरेड़ा आदि क्षेत्रों मेे जमकर बिजली कटौती हो रही है। सुबह पांच बजे से गुल हुई बिजली दोपहर 12 बजे के बाद आती है। जबकि एक दो घंटे के बाद फिर कटौती शुरू हो जाती है। देर शाम आठ बजे के बाद कुछ स्थिति सुधरती है तो बार बार लोकल ट्रिपिंग परेशान कर देती है। बिजली की इस स्थिति की वजह किसान खेतों की सिंचाई नहीं कर पा रहे हैं। इससे किसानों में भारी रोष है।
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ऊर्जा निगम के अधिशासी अभियंता का कहना है कि कटौती कम से कम हो इसके लिए प्रयास किए जा रहे हैं। कंट्रोल रूम से भी बिजली कटौती होती रहती है। आपूर्ति सुचारु रखने के प्रयास किये जा रहे हैं।
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