फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Gurdwara Management tight, but the administration's dull

हेमकुंड साहिबः गुरुद्वारा प्रबंधन चुस्त, लेकिन प्रशासन की सुस्त

Wed, 18 Sep 2013 09:34 AM IST
अमर उजाला, विजय बमोला, जोशीमठ (चमोली)
अमर उजाला, विजय बमोला, जोशीमठ (चमोली) Updated Wed, 18 Sep 2013 09:34 AM IST
विज्ञापन
Gurdwara Management tight, but the administration's dull

21 सितंबर से शुरु हो रही हेमकुंड साहिब की तीर्थयात्रा को लेकर गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी की तैयारियां अंतिम चरण में हैं, लेकिन यात्रा को लेकर प्रशासन की तैयारियां पूरी होती नजर नहीं आ रही हैं।

विज्ञापन


ऊर्जा निगम द्वारा अभी तक यात्रा के मुख्य पड़ाव घांघरिया तक भी विद्युत सप्लाई सुचारु नहीं की जा सकी है। जिसके चलते पेयजल की आपूर्ति के लिए तीर्थयात्रियों को लक्ष्मण गंगा का सहारा लेना पड़ सकता है।
विज्ञापन


पढ़ें, हेमकुंड साहिब में मशीनरी तेज, लेकिन हो सकती है परेशानी
विज्ञापन
विज्ञापन


पड़ाव में पेयजल की भी कमी बनी हुई है। घांघरिया से करीब दो किमी की दूरी पर चट्टानी भाग होने के कारण पैदल रास्ता जानलेवा बना हुआ है। यहां पर थोड़ी सी बारिश होने पर भी पत्थरों के छिटकने का खतरा बना हुआ है।

इधर, गोविंदघाट, जोशीमठ और घांघरिया में स्थित गुरुद्वारों व हेमकुंड साहिब की साज-सज्जा के लिए दिल्ली से एक्सपर्ट की टीम मंगलवार को गोविंदघाट पहुंच गई है। हालांकि इस वर्ष यात्रा अब सिर्फ 20 दिन ही चल पाएगी, लेकिन प्रबंधन कमेटी द्वारा यात्रा की तैयारियां जोर-शोर से की जा रही हैं।

इसी क्रम में कमेटी द्वारा 22 को आयोजित होने वाली विशेष पूजाओं की समय सारणी भी तैयार कर ली हैं। जिसके मुताबिक सुबह साढे़ नौ बजे गुरुग्रंथ साहिब का प्रकाश, 10 बजे सुखमणी साहिब पाठ, 11 बजे सबद कीर्तन, दोपहर साढे़ बारह बजे अरदास पाठ और एक बजे मुखवाक के बाद पूजा विराम होगा।

पढ़ें, हेमकुंड साहिबः सेवादारों ने सरकार को दिखाया आइना

हेमकुंड साहिब के समीप ही स्थित लक्ष्मण मंदिर में भी 22 सितंबर से विधिवत पूजा प्रारंभ करने की तैयारियां चल रही है। पौराणिक मान्यता है कि इस स्थान पर लक्ष्मण ने शेषनाग के रुप में तपस्या की थी। जो द्वापर युग में राज दशरथ के यहां लक्ष्मण के रुप में जन्मे थे। यहां स्थित लक्ष्मण मंदिर में भ्यूंडार गांव के ग्रामीण पूजा-अर्चना करते हैं।


पढ़ें, जान हथेली पर रखकर जाएं हेमकुंड साहिब

यदि बदरीनाथ विधायक की घांघरिया तक मोटर मार्ग निर्माण की मांग पर मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा ने सकारात्मक रवैया दिखाया तो असहाय तीर्थयात्री भी हेमकुंड साहिब दरवार में जो बोले सो निहाल के जयकारे लगा पाएंगे। बदरीनाथ विधायक राजेंद्र भंडारी ने बीती 15 सितंबर को मुख्यमंत्री से भेंट कर इस दुरुह यात्रा को सुगम बनाने के लिए मोटर मार्ग की मांग उठाई है।

उन्होंने कहा कि गोविंदघाट बदरीनाथ हाईवे पर स्थित है। यहां से हेमकुंड साहिब की पैदल दूरी 19 किमी है। यदि यात्रा के प्रमुख पड़ाव 13 किमी पर स्थित घांघरिया तक सड़क निर्माण होता है तो असहाय तीर्थयात्री भी हेमकुंड साहिब की तीर्थयात्रा कर सकेंगे।

बता दें कि 21 सितंबर को शुरु होने वाली हेमकुंड तीर्थयात्रा को हरी झंडी दिखाने के लिए सूबे के मुख्यमंत्री का गोविंदघाट पहुंचने का कार्यक्रम प्रस्तावित है। इधर, स्थानीय लोग भी भ्यूंडार पुलना तक मोटर मार्ग निर्माण की मांग करते आ रहे हैं।

फेसबुक पर राय देने के लिए क्लिक करें...

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed