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अस्पताल पहुंच बैरंग लौट रहे हैं अमोड़ी क्वारसिंग के ग्रामीण
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चंपावत। जिले के अमोड़ी क्षेत्र के क्वारसिंग में स्थित राजकीय आयुर्वेदिक अस्पताल में बीस दिनों से ताला लटका हुआ है। अस्पताल बंद होने से यहां उपचार के लिए पहुंच रहे लोग मायूस होकर लौट रहे हैं।
पूर्व जिला पंचायत सदस्य उमाशंकर भट्ट, वन पंचायत सरपंच कोट अमोड़ी खुशाल दत्त आदि का कहना है कि इन दिनों बुखार, बदन दर्द और खांसी से काफी लोग परेशान हैं। दूरदराज गांवों से लोग उपचार के लिए अमोड़ी क्षेत्र के क्वारसिंग में स्थित आयुर्वेदिक अस्पताल में पहुंच रहे हैं। अस्पताल में ताला लटकने से लोगों को वापस लौटना पड़ रहा है। इस संबंध में ग्रामीणों की ओर से डीएम विनीत तोमर को ज्ञापन भी दिया है। जिसमें कहा गया है कि क्षेत्र की दुधौरी, लड़ाबोरा, छतकोट, क्वारसिंह, कोट अमोड़ी, नैक्याना आदि ग्राम पंचायतों के लोग उपचार के लिए क्वारसिंग आयुर्वेदिक अस्पताल पर निर्भर हैं। लेकिन अस्पताल बंद होने से ग्रामीणों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
ग्रामीण क्षेत्रों में कोरोना संक्रमण की स्थिति दिन ब दिन गंभीर होती जा रही है। ऐसे में अस्पताल तो तत्काल खोला जाना जरूरी है। उधर, जिला आयुर्वेदिक अधिकारी यूसी पाठक के अनुसार वर्तमान में अस्पताल स्टाफ का सहयोग कोरोना सेंपलिंग और टीकाकरण कार्य में लिया जा रहा है। जल्द व्यवस्थाएं पटरी पर लौटने के बाद अस्पताल का पूर्ववत संचालन किया जाएगा।
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पूर्व जिला पंचायत सदस्य उमाशंकर भट्ट, वन पंचायत सरपंच कोट अमोड़ी खुशाल दत्त आदि का कहना है कि इन दिनों बुखार, बदन दर्द और खांसी से काफी लोग परेशान हैं। दूरदराज गांवों से लोग उपचार के लिए अमोड़ी क्षेत्र के क्वारसिंग में स्थित आयुर्वेदिक अस्पताल में पहुंच रहे हैं। अस्पताल में ताला लटकने से लोगों को वापस लौटना पड़ रहा है। इस संबंध में ग्रामीणों की ओर से डीएम विनीत तोमर को ज्ञापन भी दिया है। जिसमें कहा गया है कि क्षेत्र की दुधौरी, लड़ाबोरा, छतकोट, क्वारसिंह, कोट अमोड़ी, नैक्याना आदि ग्राम पंचायतों के लोग उपचार के लिए क्वारसिंग आयुर्वेदिक अस्पताल पर निर्भर हैं। लेकिन अस्पताल बंद होने से ग्रामीणों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
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ग्रामीण क्षेत्रों में कोरोना संक्रमण की स्थिति दिन ब दिन गंभीर होती जा रही है। ऐसे में अस्पताल तो तत्काल खोला जाना जरूरी है। उधर, जिला आयुर्वेदिक अधिकारी यूसी पाठक के अनुसार वर्तमान में अस्पताल स्टाफ का सहयोग कोरोना सेंपलिंग और टीकाकरण कार्य में लिया जा रहा है। जल्द व्यवस्थाएं पटरी पर लौटने के बाद अस्पताल का पूर्ववत संचालन किया जाएगा।
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