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दस घंटे अंधेरे में रहा पहाड़
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चंपावत। चंपावत जिले के पहाड़ी हिस्सों में लगातार तीसरे दिन बिजली आपूर्ति बाधित रही। बुधवार को दस घंटे से अधिक समय तक जिले के समूचे पहाड़ी क्षेत्र की बत्ती गुल थी। इसके चलते लोगों को भारी दुश्वारी झेलनी पड़ी।
चंपावत, लोहाघाट, पाटी और बाराकोट क्षेत्र की बिजली आपूर्ति बुधवार सुबह करीब 3:15 बजे बंद हो गई। लोग जब सुबह उठे, तो बत्ती गुल थी। राम नवमी का पर्व होने से सुबह धार्मिक आयोजन से लेकर कन्या पूजन तक में भी दिक्कत हुई। लोहाघाट में जिन जगहों में लिफ्ट पेयजल योजना के जरिए पानी की आपूर्ति होती है, वहां लोगों को पानी नहीं मिल सका। बुधवार अपराह्न 1:20 बजे बिजली आपूर्ति फिर से सुचारु हो सकी।
ऊर्जा निगम के चंपावत के जेई आरसी पंत ने बताया कि अंधड़ के चलते बुधवार तड़के बाराकोट के पास बिजली लाइन के ऊपर पेड़ गिरने से बिजली आपूर्ति बाधित हुई। बिजली कर्मियों ने मौके पर पहुंच खामी को खोज लाइन को दोपहर एक बजे बाद सुचारु किया।
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धारचूला में 24 घंटे से बिजली गुल
धारचूला (पिथौरागढ़)। जौलजीबी, बलुवाकोट, कालिका गोठी, गलाती, हाट और धारचूला में 24 घंटे से अधिक समय से बिजली गुल रहने से लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
बिजली नहीं होने से ऑनलाइन कारोबार से जुड़े व्यापारी को कोई भी कार्य नहीं हो पाए। साइबर कैफे संचालक सुरेंद्र खड़ायत और जमन के अनुसार बिजली नहीं होने से कारोबार में नुकसान हो रहा है। व्यापारी रवि फिरमाल, नगेंद्र सिंह कुटियाल ने भी कहा कि दिक्कत हो रही है। यूपीसीएल के एई डीएस निखुरपा ने कहा कि अस्कोट के जंगलों में बिजली के पोल में पेड़ गिर जाने से लाइन में खराब हो गई। कर्मचारी लाइन को ठीक करने का कार्य कर रहे हैं। शीघ्र ही व्यवस्थाओं में सुधार कर लिया जाएगा। कार्य किया जा रहा है।
अंधड़ ने उड़ाए मकानों के छप्पर, फलों को भी हुआ नुकसान
टनकपुर (चंपावत)। मंगलवार रात आए अंधड़ ने क्षेत्र में आम और लीची के फलों की फसल को खासा नुकसान पहुंचाया है। वहीं कई मकानों के छप्पर उड़ाए हैं। प्रशासन ने राजस्व विभाग को अंधड़ से हुई क्षति के आंकलन के निर्देश दिए हैं। बस्तिया की ग्राम प्रधान कविता धौनी ने बताया कि अंधड़ से ममता देवी के मकान, हयात सिंह की गौशाला और मदन सिंह के रसोई की छप्पर उड़ गई। इधर अंधड़ ने आम और लीची के फलों को भी खासा नुकसान पहुंचाया है। विचई के काश्तकार दिवानी चंद ने बताया कि लीची, आम और अन्य फलों को काफी नुकसान हुआ है। क्षेत्र में फलों के कई पेड़ आंधी से उखड़ और टूट गए हैं।
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चंपावत, लोहाघाट, पाटी और बाराकोट क्षेत्र की बिजली आपूर्ति बुधवार सुबह करीब 3:15 बजे बंद हो गई। लोग जब सुबह उठे, तो बत्ती गुल थी। राम नवमी का पर्व होने से सुबह धार्मिक आयोजन से लेकर कन्या पूजन तक में भी दिक्कत हुई। लोहाघाट में जिन जगहों में लिफ्ट पेयजल योजना के जरिए पानी की आपूर्ति होती है, वहां लोगों को पानी नहीं मिल सका। बुधवार अपराह्न 1:20 बजे बिजली आपूर्ति फिर से सुचारु हो सकी।
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ऊर्जा निगम के चंपावत के जेई आरसी पंत ने बताया कि अंधड़ के चलते बुधवार तड़के बाराकोट के पास बिजली लाइन के ऊपर पेड़ गिरने से बिजली आपूर्ति बाधित हुई। बिजली कर्मियों ने मौके पर पहुंच खामी को खोज लाइन को दोपहर एक बजे बाद सुचारु किया।
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धारचूला में 24 घंटे से बिजली गुल
धारचूला (पिथौरागढ़)। जौलजीबी, बलुवाकोट, कालिका गोठी, गलाती, हाट और धारचूला में 24 घंटे से अधिक समय से बिजली गुल रहने से लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
बिजली नहीं होने से ऑनलाइन कारोबार से जुड़े व्यापारी को कोई भी कार्य नहीं हो पाए। साइबर कैफे संचालक सुरेंद्र खड़ायत और जमन के अनुसार बिजली नहीं होने से कारोबार में नुकसान हो रहा है। व्यापारी रवि फिरमाल, नगेंद्र सिंह कुटियाल ने भी कहा कि दिक्कत हो रही है। यूपीसीएल के एई डीएस निखुरपा ने कहा कि अस्कोट के जंगलों में बिजली के पोल में पेड़ गिर जाने से लाइन में खराब हो गई। कर्मचारी लाइन को ठीक करने का कार्य कर रहे हैं। शीघ्र ही व्यवस्थाओं में सुधार कर लिया जाएगा। कार्य किया जा रहा है।
अंधड़ ने उड़ाए मकानों के छप्पर, फलों को भी हुआ नुकसान
टनकपुर (चंपावत)। मंगलवार रात आए अंधड़ ने क्षेत्र में आम और लीची के फलों की फसल को खासा नुकसान पहुंचाया है। वहीं कई मकानों के छप्पर उड़ाए हैं। प्रशासन ने राजस्व विभाग को अंधड़ से हुई क्षति के आंकलन के निर्देश दिए हैं। बस्तिया की ग्राम प्रधान कविता धौनी ने बताया कि अंधड़ से ममता देवी के मकान, हयात सिंह की गौशाला और मदन सिंह के रसोई की छप्पर उड़ गई। इधर अंधड़ ने आम और लीची के फलों को भी खासा नुकसान पहुंचाया है। विचई के काश्तकार दिवानी चंद ने बताया कि लीची, आम और अन्य फलों को काफी नुकसान हुआ है। क्षेत्र में फलों के कई पेड़ आंधी से उखड़ और टूट गए हैं।