{"_id":"68e5498b5b6d7ddf36027b45","slug":"the-buzz-of-the-mess-its-a-joke-if-theres-embezzlement-youll-go-in-champawat-news-c-8-hld1045-649899-2025-10-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Champawat News: गड़बड़ी की गूंज... मजाक बना रखा है, गबन हुआ तो जाओगे अंदर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Champawat News: गड़बड़ी की गूंज... मजाक बना रखा है, गबन हुआ तो जाओगे अंदर
विज्ञापन
चंपावत। जनता मिलन कार्यक्रम में उस वक्त माहौल गर्म हो गया जब जल जीवन मिशन योजना (जेजेएम) की गड़बड़ियों की शिकायत पर डीएम अफसरों पर बिफर पड़े। अफसरों के गोलमोल जवाब से नाराज डीएम ने पेयजल निगम के ईई और एई को सीधे बैठक से बाहर निकाल दिया। चेताया कि अगर गबन हुआ है तो अंदर जाओगे।
डीएम की नाराजगी का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इसमें देखा जा सकता है कि सोमवार को डीएम मनीष कुमार जिला कार्यालय सभागार में आयोजित जनता मिलन कार्यक्रम में समस्याएं सुन रहे थे। इसमें जैगांव जेतोली निवासी मनीष कापड़ी ने गांव में जेजेएम योजना के तहत हुए कार्य में अनियमितता का मामला का उठाया। पेयजल निगम के अधिकारियों के मौके पर जाकर जांच नहीं करने पर डीएम नाराज हो गए। उन्होंने बैठक से ईई और एई को निकलने को कह दिया। कहा कि दोनों तुंरत ग्राम पंचायत में जाएं। चार बजे तक उनको रिपोर्ट दें। चेतावनी दी कि दोनों सस्पेंड हो जाओगे।
साथ ही उन्होंने कहा- हो गया तुम लोगों का जनता दर्शन। मजाक बना रखा है तुम लोगों ने। फिर उन्होंने डीडीओ दिनेश सिंह दिगारी को कहा कि दोनों अधिकारियों के साथ में जाओ और पूरी जानकारी स्पष्ट लेकर आओ।
विज्ञापन
जांच में पाई गई थीं कमियां
शिकायतकर्ता मनीष ने पेयजल योजना में अनियमितता के आरोप लगाए थे। डीएम के निर्देश पर डीडीओ दिनेश सिंह दिगारी ने जांच रिपोर्ट तैयार कर जिला प्रशासन को सौंप दी थी। डीडीओ ने बताया कि काम पूरा होने के बाद थर्ड पार्टी जांच में 40 और 50 एमएम के कुछ पाइपों में कमी पाई थी। रिपोर्ट सही होने पर संबंधित ठेकेदार को कार्य का भुगतान किया जाता है। संबंधित विभाग ने अपने स्तर से मामले में जांच नहीं की है। इस मामले की लगातार शिकायत पर जांच नहीं होने पर डीएम ने उसे गंभीरता से लिया था।
कोट
गांव में पेयजल योजना निर्माण में लापरवाही की शिकायत मिली थी। इसके लिए जांच के आदेश दिए गए थे। अधिकारियों ने गांव जाकर जांच नहीं की थी। दोनों अधिकारियों को गांव में जाकर जांच करने को कहा गया है। यह गांव मुख्यालय से काफी दूर हैं और सोमवार को देर होने की वजह से अधिकारी वहां नहीं जा पाए थे। अधिकारियों को मौका मुआयना कर जल्द रिपोर्ट देने को कहा गया है। मनीष कुमार, डीएम, चंपावत
विज्ञापन
डीएम की नाराजगी का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इसमें देखा जा सकता है कि सोमवार को डीएम मनीष कुमार जिला कार्यालय सभागार में आयोजित जनता मिलन कार्यक्रम में समस्याएं सुन रहे थे। इसमें जैगांव जेतोली निवासी मनीष कापड़ी ने गांव में जेजेएम योजना के तहत हुए कार्य में अनियमितता का मामला का उठाया। पेयजल निगम के अधिकारियों के मौके पर जाकर जांच नहीं करने पर डीएम नाराज हो गए। उन्होंने बैठक से ईई और एई को निकलने को कह दिया। कहा कि दोनों तुंरत ग्राम पंचायत में जाएं। चार बजे तक उनको रिपोर्ट दें। चेतावनी दी कि दोनों सस्पेंड हो जाओगे।
विज्ञापन
साथ ही उन्होंने कहा- हो गया तुम लोगों का जनता दर्शन। मजाक बना रखा है तुम लोगों ने। फिर उन्होंने डीडीओ दिनेश सिंह दिगारी को कहा कि दोनों अधिकारियों के साथ में जाओ और पूरी जानकारी स्पष्ट लेकर आओ।
विज्ञापन
जांच में पाई गई थीं कमियां
शिकायतकर्ता मनीष ने पेयजल योजना में अनियमितता के आरोप लगाए थे। डीएम के निर्देश पर डीडीओ दिनेश सिंह दिगारी ने जांच रिपोर्ट तैयार कर जिला प्रशासन को सौंप दी थी। डीडीओ ने बताया कि काम पूरा होने के बाद थर्ड पार्टी जांच में 40 और 50 एमएम के कुछ पाइपों में कमी पाई थी। रिपोर्ट सही होने पर संबंधित ठेकेदार को कार्य का भुगतान किया जाता है। संबंधित विभाग ने अपने स्तर से मामले में जांच नहीं की है। इस मामले की लगातार शिकायत पर जांच नहीं होने पर डीएम ने उसे गंभीरता से लिया था।
कोट
गांव में पेयजल योजना निर्माण में लापरवाही की शिकायत मिली थी। इसके लिए जांच के आदेश दिए गए थे। अधिकारियों ने गांव जाकर जांच नहीं की थी। दोनों अधिकारियों को गांव में जाकर जांच करने को कहा गया है। यह गांव मुख्यालय से काफी दूर हैं और सोमवार को देर होने की वजह से अधिकारी वहां नहीं जा पाए थे। अधिकारियों को मौका मुआयना कर जल्द रिपोर्ट देने को कहा गया है। मनीष कुमार, डीएम, चंपावत