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Champawat News: चंपावत में दो महिलाओं में मिले गले के कैंसर के लक्षण

Haldwani Bureau हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Fri, 27 Jan 2023 10:59 PM IST
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Symptoms of throat cancer found in two women in Champawat
चंपावत जिला अस्पताल के ईएनटी विशेषज्ञ डॉ. नरेंद्र सिंह। संवाद - फोटो : CHAMPAWAT
चंपावत। तंबाकू को लेकर जहां पहले लोग काफी लापरवाह थे वहीं अब पहाड़ पर तंबाकू से कैंसर जैसी खतरनाक बीमारी के लक्षण भी मिलने लगे हैं। ऐसा ही एक मामला चंपावत जिले में सामने आया है। यहां बीड़ी पीने वाली दो महिलाओं में कैंसर के लक्षण मिले हैं। इन मरीजों के शुरुआती इलाज के असर को देखने के बाद हल्द्वानी सुशीला तिवारी अस्पताल रेफर किया जाएगा।
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जिला अस्पताल के पहले ईएनटी (कान, नाक और गला) विशेषज्ञ डॉ. नरेंद्र सिंह का कहना है कि ग्रामीण क्षेत्रों में बीड़ी-सिगरेट-तंबाकू के सेवन से महिलाओं में दिक्कत होने के मामले सामने आ रहे हैं।
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इसी माह कार्यभार संभालने वाले ईएनटी सर्जन डॉ. सिंह का कहना है कि तंबाकू और धूम्रपान गले, जीभ, होंठ के कैंसर के अलावा सांस की दिक्कत भी पैदा करता है। इससे बचाव के लिए राष्ट्रीय कार्यक्रम के जरिये लोगों को प्रेरित किया जा रहा है। नाक का मांस बढ़ने वाले मरीजों की भी काफी संख्या है। चंपावत के ग्रामीण क्षेत्रों में गलतफहमी की वजह से काफी महिलाएं बीड़ी-सिगरेट और तंबाकू का सेवन कर रही हैं। महिलाओं और पुरुषों को स्वस्थ रहने के लिए इससे बचना होगा।
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कान, नाक और गले की दिक्कतों को आमतौर पर लोग गंभीरता से नहीं लेते हैं। किसी भी तरह की परेशानी होने पर शुरुआत में ही परीक्षण कराएं। समय पर इलाज नहीं करने पर कान बहने से होने वाले संक्रमण से पर्दे को नुकसान पहुंचता है जिससे सुनने की दिक्कत से लेकर कई समस्या पैदा होती है। -डॉ. नरेंद्र सिंह, ईएनटी सर्जन, चंपावत।
ये करें
-कान, नाक, गले में दिक्कत महसूस होने पर शुरुआत में ही इलाज कराएं।
-कान में दिक्कत होने पर रूई लगाएं।
-गले को सेहतमंद रखने के लिए गर्म पानी से गरारे करें।
ये न करें
-कान में दिक्कत होने पर तेल या ड्रॉप कतई न डालें।
-किसी अप्रशिक्षित से इलाज न कराएं। मशीन के बगैर परीक्षण और इलाज अधिक मुश्किल कर सकता है।
-ठंड से बचे और खट्टे पदार्थों का सेवन न करें।
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