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Champawat News: महंगाई की ऐसी मार, एक जिले में दाम चार

Thu, 20 Jul 2023 10:48 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत Updated Thu, 20 Jul 2023 10:48 PM IST
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Such a hit of inflation, the price in one district is four
भिंगराड़ा के मटकीना गांव के टमाटर के खेत में बारिश से हुए नुकसान की जानकारी देते टमाटर उत्पादक
चंपावत। सब्जियों की आसमान छूती महंगाई ने लोगों का जायका बिगाड़ दिया है। सब्जी महंगी होने से लोगों की रसोई से टमाटर और शिमला मिर्च गायब हो गई है। टनकपुर जिले के अलग-अलग हिस्सों में कीमतों में भारी अंतर है। पहाड़ की अपेक्षा मैदानी इलाकों में सब्जियां महंगी हैं। चार शहरों में चार अलग-अलग दाम हैं।शिमला मिर्च की बनबसा में 100, टनकपुर में 150, तो पहाड़ में 120 रुपये किलो बिक रही है। मूल्य विसंगति को लेकर जिला प्रशासन कदम उठाएगा। डीएम नरेंद्र सिंह भंडारी ने कहा कि शुक्रवार को मंडी समिति से मंत्रणा कर तर्कपूर्ण मूल्य निर्धारण किया जाएगा।
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चंपावत में सब्जियों की कीमत
सब्जी- चंपावत- लोहाघाट- टनकपुर- बनबसा
शिमला मिर्च: 120 120 150 100
टमाटर: 100- 120- 120- 100

बीन: 100- 60- 80- नहीं आ रही है।
फूलगोभी: 80- 80- 70- 60

कोट
सब्जियों के बेतहाशा दाम से कमजोर वर्ग को ही नहीं मध्यम वर्गीय परिवारों के लिए भी मुसीबत बढ़ी है। महंगी सब्जियों को जुटाना आसान नहीं हो रहा है।
आशा खर्कवाल, चंपावत।
कोट
कीमतों ने रसोई का जायका बिगाड़ दिया है। सोच विचार कर किफायत के साथ सब्जियों की खरीद करने को लोग मजबूर हैं।

हरितिमा मुरारी, लोहाघाट।
कोट

बरसात में सब्जी के दाम कम होते थे लेकिन इस बार बरसात ने सब्जी में आग लगा दी है। इससे सब्जियों के बजाय दाल का अधिक उपयोग करना पड़ रहा है।
सरोज, आनंदपुर बनबसा।
कोट
कीमतों में वृद्धि की वजह से कई सब्जियों का उपयोग करना बंद कर दिया है। ज्यादा से ज्यादा सस्ते आलू से सब्जी बनाई जा रही है।

योगिता, टनकपुर।
................
ज्यादा बारिश से टमाटर की फसल को पहुंचा नुकसान
संवाद न्यूज एजेंसी
चंपावत। एक ओर पूरे देश में टमाटर की कीमतों ने हाहाकार मचा रखा है। वहीं टमाटर की खेती करने वाले काश्तकारों को काफी अच्छा मुनाफा हो रहा है। लेकिन चंपावत जिले के भिंगराड़ा क्षेत्र में प्रगतिशील काश्तकार की ओर से की गई टमाटर की खेती के लिए ज्यादा मात्रा में हो रही बारिश अभिशाप बन गई है। प्रदेश के पर्वतीय क्षेत्र में साधनों औऱ बाजारों की कमी के कारण कृषि कार्य करना औऱ कृषि उत्पादों को बेचना एक चुनौतीपूर्ण कार्य है।
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चंपावत जिले के भिंगराड़ा मटकीना निवासी भुवन चंद्र भट्ट पुत्र नारायण दत्त भट्ट ने अपनी मेहनत से लोगों के लिए नजीर पेश की है । किसान भुवन चंद्र भट्ट की टमाटर की खेती तैयार हो चुकी है औऱ वह स्थानीय बाजार में टमाटर बेचने लगे हैं। इस बार ज्यादा बारिश की वजह से टमाटर की खेती को ज्यादा नुकसान होने से इनकी आजीविका पर भी असर पड़ गया है। भुवन टमाटर के साथ-साथ मटर, अदरक औऱ मौसमी सब्जियों की खेती भी करते हैं । लेकिन इस बार अधिक बारिश टमाटर की फसल के लिए नुकसानदेह साबित हो रही है।
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