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जीर्णोद्धार के लिए तरस रहा लोनिवि भवन
ब्यूरो/अमर उजाला, लोहाघाट (चंपावत)
Updated Fri, 29 Jul 2016 10:45 PM IST
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जीर्णोद्धार के लिए तरस रहा लोनिवि भवन
- फोटो : अमर उजाला
विकास के लिए विभिन्न मार्गों, पुलों, भवनों का निर्माण करने वाले लोक निर्माण विभाग का अपना भवन जीर्णोद्धार के लिए तरस रहा है। नगर के वर्षों पुराने भवन में वर्ष 1975-76 लोनिवि लोहाघाट का कार्यालय खुला। आज उसके आवासीय परिसर, कार्यालय भवन की हालत दयनीय है।
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बाहर से रंगरोगन से चमकदार दिखाई देेने वाले कार्यालय भवन की स्थिति दयनीय है। बरसात में छतों के टपकने से कर्मचारियों को कार्य करने में परेशानी का सामना करना पड़ता है। छतें टपकने पर कर्मचारियों को बर्तन लगाने पड़ रहे हैं। रात में अभिलेखों और कंप्यूटरों को पानी से बचाने के लिए पॉलीथिन से ढकना होता है।
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आवासीय भवनों की स्थिति भी बेहद खराब है। टिन की छतें होने कारण वह पुराने और खराब हो चुके है। जिससे बारिश में छतों से पानी टपकता रहता है। दरवाजे, खिड़कियां खराब हो चुकी हैं। कर्मचारी नेता आनंद सिंह पुजारी, मनोज कुमार, हरीश गहतोड़ी आदि का कहना है की इस बारे में कई बार अधिकारिओं का ध्यान आकर्षित करने के साथ भवनों के मरम्मत और पुनर्निर्माण की मांग की जाती रही है, लेकिन अधिकारियों की ओर से आवासीय, अनावासीय मद में धन आवंटन नहीं हो सका है। कर्मचारी नेताओं का कहना है कि यदि उच्चाधिकारियों में इच्छाशक्ति हो तो निर्माण इकाइयों से होने वाली बचत से भी भवनों को सुधारा जा सकता है।
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