टनकपुर/बनबसा। मुख्यमंत्री के घेराव कार्यक्रम में शामिल होने खटीमा जा रहीं आशा कार्यकर्ताओं को पुलिस ने जगबुड़ा पुल पर रोक दिया। रोके जाने से नाराज आशा कार्यकर्ता जगबुड़ा चेकपोस्ट पर ही धरने में बैठ गई थीं। बाद में घेराव नहीं मुख्यमंत्री से मिलने जाने की बात कहने पर उन्हें खटीमा जाने की अनुमति दे दी गई। टनकपुर से खटीमा जा रही आशाओं को पुलिस ने बस स्टेशन पर ही रोककर लौटा दिया।
मानदेय बढ़ाने, राज्य कर्मचारी का दर्जा देने समेत 12 सूत्री मांगों को लेकर उत्तराखंड आशा हेल्थ वर्कर्स संगठन के आह्वान पर मंगलवार की सुबह खटीमा में मुख्यमंत्री का घेराव करने रवाना हुई। पता चलते ही हरकत में आई पुलिस ने आशा वर्करों को जगबुड़ा चेकपोस्ट पर ही रोक लिया। इससे नाराज आशा कार्यकर्ता वहीं धरने पर बैठ गईं। एसडीएम हिमांशु कफल्टिया और सीओ अविनाश वर्मा ने आशाओं को समझाने की कोशिश की लेकिन वह नहीं मानी। बाद में आशा कार्यकर्ताओें के मुख्यमंत्री से मिलने जाने की बात पर पुलिस ने उन्हें खटीमा जाने की अनुमति दे दी। वहां संगठन की अध्यक्ष लीला ठाकुर, मीरा कश्यप, गीता कश्यप, रेखा वाल्मीकि, निर्मला शर्मा, कमला चंद आदि मौजूद थीं।