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Champawat News: मुआवजे की मांग, सड़क के लिए नहीं काटने दिए पेड़
Sat, 01 Apr 2023 11:03 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत
Updated Sat, 01 Apr 2023 11:03 PM IST
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बनबसा में जमीन से पेड़ काटने का विरोध।
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बनबसा (चंपावत)। ग्रामीणों ने नेपाल के सूखा बंदरगाह (ड्राईपोर्ट) को जोड़ने वाली निर्माणाधीन सड़क के लिए अधिग्रहीत की गई जमीन से पेड़ काटने का विरोध किया है। मुआवजे की मांग कर रहे ग्रामीणों ने शनिवार को पेड़ नहीं काटने दिए। सोमवार से यहां धरना देने का एलान भी किया गया।
नेपाल में बनने वाले ड्राईपोर्ट के लिए बनबसा स्थित जगबूड़ा पुल के पास एनएच से सड़क बनाई जा रही है। सड़क के लिए गुदमी, भैंसाझाला, लाटाखल्ला गांवों के ग्रामीणों की जमीन अधिग्रहीत की गई है। ग्रामीणों का आरोप है कि कई लोगों को मुआवजा नहीं मिल पाया है।
ग्रामीणों ने कहा कि पूर्व में करीब 50 से अधिक लोगों ने एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर मुआवजा दिलाने की मांग की थी। तब दस दिनों में मुआवजा देने का आश्वासन दिया गया था। बीस दिन बाद भी पीड़ित परिवारों को मुआवजा नहीं मिला है। इस दौरान चंद्रशेखर भटृ, अभिषेक भट्ट, ज्योति, ऊषा, देवकी, बबीता, सिंह आदि मौजूद थे।
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ड्राईपोर्ट तक बनने वाली सड़क की निगरानी पीएमओ से हो रही है। देवीपुरा एवं गुदमी के ग्रामीणों की मुआवजे की मांग के संबंध में एनएचएआई से पत्राचार किया गया है। वन भूमि पर काबिज ग्रामीणों को उनके निर्माणाधीन ढांचे का मुआवजा दिलाने के लिए एनएचएआई से कहा गया है। ग्रामीणों से कार्य में बाधा नहीं पहुंचाने की अपील की गई है। -सुंदर सिंह, एसडीएम टनकपुर।
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नेपाल में बनने वाले ड्राईपोर्ट के लिए बनबसा स्थित जगबूड़ा पुल के पास एनएच से सड़क बनाई जा रही है। सड़क के लिए गुदमी, भैंसाझाला, लाटाखल्ला गांवों के ग्रामीणों की जमीन अधिग्रहीत की गई है। ग्रामीणों का आरोप है कि कई लोगों को मुआवजा नहीं मिल पाया है।
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ग्रामीणों ने कहा कि पूर्व में करीब 50 से अधिक लोगों ने एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर मुआवजा दिलाने की मांग की थी। तब दस दिनों में मुआवजा देने का आश्वासन दिया गया था। बीस दिन बाद भी पीड़ित परिवारों को मुआवजा नहीं मिला है। इस दौरान चंद्रशेखर भटृ, अभिषेक भट्ट, ज्योति, ऊषा, देवकी, बबीता, सिंह आदि मौजूद थे।
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ड्राईपोर्ट तक बनने वाली सड़क की निगरानी पीएमओ से हो रही है। देवीपुरा एवं गुदमी के ग्रामीणों की मुआवजे की मांग के संबंध में एनएचएआई से पत्राचार किया गया है। वन भूमि पर काबिज ग्रामीणों को उनके निर्माणाधीन ढांचे का मुआवजा दिलाने के लिए एनएचएआई से कहा गया है। ग्रामीणों से कार्य में बाधा नहीं पहुंचाने की अपील की गई है। -सुंदर सिंह, एसडीएम टनकपुर।