{"_id":"5aa01d144f1c1b75718b5b76","slug":"new-arrangement-of-traffic-control-after-the-accident","type":"story","status":"publish","title_hn":"हादसे के बाद धरी रह गई यातायात नियंत्रण की नई व्यवस्था","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हादसे के बाद धरी रह गई यातायात नियंत्रण की नई व्यवस्था
अमर उजाला ब्यूराे टनकपुर (चंपावत)।
Updated Wed, 07 Mar 2018 10:40 PM IST
विज्ञापन
दुर्घटना स्थल पर लगी लोगों की भीड़।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
पूर्णागिरि मेले में शहर की यातायात व्यवस्था नियंत्रित करने को शारदा से खनिज निकासी करते शक्तिमान ट्रकों का रास्ता बदलते ही बुधवार को सड़क हादसे में छात्र कुणाल की जान चली गई। प्रशासन एवं पुलिस ने शहर में यातायात दबाव कम करने को शक्तिमान ट्रकों के लिए नए रास्ते की व्यवस्था की थी, लेकिन हादसे के बाद फिर शक्तिमान ट्रक पुराने रूट से ही चलने लगे।
पूर्णागिरि मेले से शहर की आंतरिक सड़कों पर बढ़ने वाले यातायात के दबाव को नियंत्रित करने के लिए प्रशासन ने मंगलवार से ही शक्तिमान ट्रकों के लिए वाया किरोड़ा रोखड़-पूर्णागिरि मार्ग से व्यवस्था की है, ताकि खनिज निकासी करते ट्रक शहर से बाहर ही बाहर आवाजाही कर सकें। इस नई व्यवस्था का बुधवार को दूसरा ही दिन था कि शक्तिमान ट्रक ने राह चलते छात्र को कुचल दिया। खनिज निकासी के इस नए रास्ते की व्यवस्था पर ट्रक स्वामियों ने एतराज भी किया, लेकिन प्रशासन एवं पुलिस नहीं मानी। बुधवार को हादसे के बाद यह नई व्यवस्था धरी रह गई। शक्तिमान ट्रक फिर से पुराने रास्ते से आवाजाही करने लगे। कोतवाल अरुण कुमार वर्मा का कहना है कि नई व्यवस्था एसडीएम एवं सीओ के निर्देश पर तय की गई थी, जिसे लागू रखने या न रखने का फैसला उन्हीं के निर्देश पर तय किया जाएगा।
पूर्णागिरि मेले से शहर की आंतरिक सड़कों पर बढ़ने वाले यातायात के दबाव को नियंत्रित करने के लिए प्रशासन ने मंगलवार से ही शक्तिमान ट्रकों के लिए वाया किरोड़ा रोखड़-पूर्णागिरि मार्ग से व्यवस्था की है, ताकि खनिज निकासी करते ट्रक शहर से बाहर ही बाहर आवाजाही कर सकें। इस नई व्यवस्था का बुधवार को दूसरा ही दिन था कि शक्तिमान ट्रक ने राह चलते छात्र को कुचल दिया। खनिज निकासी के इस नए रास्ते की व्यवस्था पर ट्रक स्वामियों ने एतराज भी किया, लेकिन प्रशासन एवं पुलिस नहीं मानी। बुधवार को हादसे के बाद यह नई व्यवस्था धरी रह गई। शक्तिमान ट्रक फिर से पुराने रास्ते से आवाजाही करने लगे। कोतवाल अरुण कुमार वर्मा का कहना है कि नई व्यवस्था एसडीएम एवं सीओ के निर्देश पर तय की गई थी, जिसे लागू रखने या न रखने का फैसला उन्हीं के निर्देश पर तय किया जाएगा।
विज्ञापन