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उन्नीस माह बाद फिर से शुरू हुई भारत नेपाल मैत्री बस सेवा
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नेपाल महेंद्रनगर से यात्रियों को ला रही यूपी साहिबाबाद डिपों की मैत्री बस।संवाद
- फोटो : TANAKPUR
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बनबसा (चंपावत)। करीब 19 माह बाद भारत नेपाल मैत्री बस का संचालन शुरू हो गया है। शुक्रवार देर शाम यूपी साहिबाबाद डिपो की बस नेपाल के महेंद्रनगर से यात्रियों को लेकर दिल्ली रवाना हुई। जल्द ही उत्तराखंड के टनकपुर डिपो और नेपाल यातायात समिति की बसों का संचालन भी पूर्ववत शुरू होने की संभावना है।
कोरोना महामारी के चलते पिछले वर्ष 23 मार्च को भारत नेपाल सीमा सील की गई थी। दोनों देशों के बीच वाहनों का संचालन बंद रहा। भारत नेपाल मैत्री बस सेवा भी ठप रही।
शुक्रवार को यूपी साहिबाबाद डिपो की एक बस सुबह नेपाल के महेंद्रनगर गई, जो देर शाम वहां से करीब 36 सवारियां लेकर दिल्ली के लिए रवाना हुई। टनकपुर डिपो के आरएम पवन मेहरा ने बताया कि जल्द ही उत्तराखंड की बसों का संचालन भी होने वाला है। नेपाल यातायात समिति भी अपनी मैत्री बसों का संचालन जल्द शुरू करने जा रही है।
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नेपाल में यातायात सेवा निजी हाथों में है। वहां यातायात समितियां परिवहन व्यवस्था का संचालन करती हैं। महेंद्रनगर स्थित महाकाली यातायात समिति अध्यक्ष डंबर राज पंत ने बताया कि जल्द ही पूर्व की भांति नेपाल से भी मैत्री बसों का संचालन शुरू किया जाना तय हुआ है।
टनकपुर डिपो को हुआ है 50 करोड़ का नुकसान
टनकपुर डिपो के आरएम पवन मेहरा ने बताया कि पिछले वर्ष मार्च में भारत नेपाल सीमा सील होने और लॉकडाउन के चलते टनकपुर डिपो को काफी नुकसान उठाना पड़ा है।
बसों का संचालन बंद होने से टनकपुर डिपो को 45 से 50 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। नेपाली यात्रियों के भी कम संख्या में बनबसा आने से भी डिपो नुकसान में ही रहा है।
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कोरोना महामारी के चलते पिछले वर्ष 23 मार्च को भारत नेपाल सीमा सील की गई थी। दोनों देशों के बीच वाहनों का संचालन बंद रहा। भारत नेपाल मैत्री बस सेवा भी ठप रही।
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शुक्रवार को यूपी साहिबाबाद डिपो की एक बस सुबह नेपाल के महेंद्रनगर गई, जो देर शाम वहां से करीब 36 सवारियां लेकर दिल्ली के लिए रवाना हुई। टनकपुर डिपो के आरएम पवन मेहरा ने बताया कि जल्द ही उत्तराखंड की बसों का संचालन भी होने वाला है। नेपाल यातायात समिति भी अपनी मैत्री बसों का संचालन जल्द शुरू करने जा रही है।
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नेपाल में यातायात सेवा निजी हाथों में है। वहां यातायात समितियां परिवहन व्यवस्था का संचालन करती हैं। महेंद्रनगर स्थित महाकाली यातायात समिति अध्यक्ष डंबर राज पंत ने बताया कि जल्द ही पूर्व की भांति नेपाल से भी मैत्री बसों का संचालन शुरू किया जाना तय हुआ है।
टनकपुर डिपो को हुआ है 50 करोड़ का नुकसान
टनकपुर डिपो के आरएम पवन मेहरा ने बताया कि पिछले वर्ष मार्च में भारत नेपाल सीमा सील होने और लॉकडाउन के चलते टनकपुर डिपो को काफी नुकसान उठाना पड़ा है।
बसों का संचालन बंद होने से टनकपुर डिपो को 45 से 50 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। नेपाली यात्रियों के भी कम संख्या में बनबसा आने से भी डिपो नुकसान में ही रहा है।