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गुरु नानक देव के उपदेश आज भी मानवता के लिए प्रेरणास्रोत : गुरमीत सिंह
Wed, 05 Nov 2025 10:31 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत
Updated Wed, 05 Nov 2025 10:31 PM IST
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चंपावत के रीठा साहिब गुरुद्वारे में दर्शन करते करते राज्यपाल। स्रोत : सूचना विभाग
रीठसाहिब (चंपावत)। गुरु नानक देव के उपदेश आज भी मानवता के लिए प्रेरणास्रोत हैं। यह बातें राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह ने प्रकाश पर्व पर प्रसिद्ध सिख तीर्थ स्थल गुरुद्वारा श्री रीठसाहिब में दर्शन के दौरान कहीं। उन्होंने देश, प्रदेशवासियों की सुख-शांति, समृद्धि और खुशहाली की प्रार्थना की।
राज्यपाल ने गुरुद्वारा श्री रीठा साहिब में गुरु दरबार में मत्था टेकने के बाद अरदास सुनी। उन्होंने कहा कि गुरु नानक देव की जयंती के पावन अवसर पर रीठा साहिब की पवित्र धरती पर पहुंचना उनके लिए सौभाग्य और प्रेरणादायक क्षण है। यह तीर्थ स्थल न केवल सिख धर्म के अनुयायियों के लिए बल्कि समूची मानवता के लिए आध्यात्मिक प्रेरणा केंद्र है। उन्होंने कहा कि नानक देव का नाम जपो किरत करो और वंड छको का सिद्धांत मानव जीवन का आधार है जो सत्य, ईमानदारी, परिश्रम और परस्पर सहयोग का प्रतीक है।
राज्यपाल ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड सिख धर्म के पवित्र तीर्थ स्थलों से सुसज्जित है रीठा साहिब उनमें प्रमुख स्थान रखता है। गुरु नानक देव की शिक्षाएं न केवल सिख समाज के लिए बल्कि संपूर्ण मानवता के लिए प्रेरणास्रोत हैं। उनके जीवन से हमें प्रेम, सहिष्णुता, समरसता और भाईचारे की प्रेरणा मिलती है। बाद में उन्होंने गुरुद्वारा परिसर में आयोजित लंगर में सम्मिलित होकर प्रसाद ग्रहण किया।
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उन्होंने उपस्थित संगत से संवाद किया और प्रदेश में सामाजिक सौहार्द, समृद्धि और खुशहाली की कामना की। इस दौरान प्रबंधक बाबा श्याम सिंह, अजीत पाल सिंह, हरबिंदर सिंह, सरदार मलकीत सिंह, दिलबाग सिंह बग्गा, मंदीप सिंह, रणजीत सिंह, जिला पंचायत सदस्य सोनू बोहरा, जगदीश सिंह बोहरा आदि रहे। इससे पूर्व डीएम मनीष कुमार, एसपी अजय गणपति और सीडीओ डॉ. जीएस खाती ने राज्यपाल का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया । साथ ही पुलिस बल ने राज्यपाल को गार्ड ऑफ ऑनर दिया।
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राज्यपाल ने गुरुद्वारा श्री रीठा साहिब में गुरु दरबार में मत्था टेकने के बाद अरदास सुनी। उन्होंने कहा कि गुरु नानक देव की जयंती के पावन अवसर पर रीठा साहिब की पवित्र धरती पर पहुंचना उनके लिए सौभाग्य और प्रेरणादायक क्षण है। यह तीर्थ स्थल न केवल सिख धर्म के अनुयायियों के लिए बल्कि समूची मानवता के लिए आध्यात्मिक प्रेरणा केंद्र है। उन्होंने कहा कि नानक देव का नाम जपो किरत करो और वंड छको का सिद्धांत मानव जीवन का आधार है जो सत्य, ईमानदारी, परिश्रम और परस्पर सहयोग का प्रतीक है।
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राज्यपाल ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड सिख धर्म के पवित्र तीर्थ स्थलों से सुसज्जित है रीठा साहिब उनमें प्रमुख स्थान रखता है। गुरु नानक देव की शिक्षाएं न केवल सिख समाज के लिए बल्कि संपूर्ण मानवता के लिए प्रेरणास्रोत हैं। उनके जीवन से हमें प्रेम, सहिष्णुता, समरसता और भाईचारे की प्रेरणा मिलती है। बाद में उन्होंने गुरुद्वारा परिसर में आयोजित लंगर में सम्मिलित होकर प्रसाद ग्रहण किया।
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उन्होंने उपस्थित संगत से संवाद किया और प्रदेश में सामाजिक सौहार्द, समृद्धि और खुशहाली की कामना की। इस दौरान प्रबंधक बाबा श्याम सिंह, अजीत पाल सिंह, हरबिंदर सिंह, सरदार मलकीत सिंह, दिलबाग सिंह बग्गा, मंदीप सिंह, रणजीत सिंह, जिला पंचायत सदस्य सोनू बोहरा, जगदीश सिंह बोहरा आदि रहे। इससे पूर्व डीएम मनीष कुमार, एसपी अजय गणपति और सीडीओ डॉ. जीएस खाती ने राज्यपाल का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया । साथ ही पुलिस बल ने राज्यपाल को गार्ड ऑफ ऑनर दिया।