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वंचित राज्य आंदोलनकारियों के चिन्हीकरण की मांग
ब्यूरो् /अमर उजाला, टनकपुर (चंपावत)।
Updated Sat, 06 Oct 2018 10:23 PM IST
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एसडीएम अनिल गर्ब्याल को ज्ञापन देते चिन्हीकरण से वंचित राज्य आंदोलनकारी।
- फोटो : अमर उजाला
सर्वदलीय उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारी परिषद ने वंचित राज्य आंदोलनकारियों को जल्द चिन्हित करने की मांग उठाई है। इस बाबत उन्होंने एसडीएम अनिल गर्ब्याल के माध्यम सेेे मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा है।
कहा है कि अलग राज्य बनने के बाद पहली बार 2009 में वंचित आंदोलनकारियों के चिन्हीकरण के लिए तत्कालीन सरकार ने आवेदन आमंत्रित किए थे। जिस पर अन्य जिलों की भांति चंपावत जिले में भी अलग राज्य को लेकर हुए आंदोलन में सक्रिय भूमिका निभाने वाले आंदोलनकारियों ने साक्ष्यों के साथ आवेदन जमा किए, लेकिन चिन्हीकरण की कार्रवाई अब तक लटकी हुई है।
उन्होंने मुख्यमंत्री से वंचित आंदोलनकारियों द्वारा संघर्ष की राह पकड़ने से पहले चिन्हीकरण कर आंदोलनकारी का दर्जा देने की मांग की है। परिषद के प्रदेश उपाध्यक्ष कांतिबल्लभ जोशी के नेतृत्व में ज्ञापन देने वालों में दिनेश चंद्र शास्त्री, हेम चंद्र जोशी, नवीन चंद्र, रमेश जोशी, जनक चंद, भुवन पांडेय, गिरीश चंद्र जोशी आदि थे।
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कहा है कि अलग राज्य बनने के बाद पहली बार 2009 में वंचित आंदोलनकारियों के चिन्हीकरण के लिए तत्कालीन सरकार ने आवेदन आमंत्रित किए थे। जिस पर अन्य जिलों की भांति चंपावत जिले में भी अलग राज्य को लेकर हुए आंदोलन में सक्रिय भूमिका निभाने वाले आंदोलनकारियों ने साक्ष्यों के साथ आवेदन जमा किए, लेकिन चिन्हीकरण की कार्रवाई अब तक लटकी हुई है।
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उन्होंने मुख्यमंत्री से वंचित आंदोलनकारियों द्वारा संघर्ष की राह पकड़ने से पहले चिन्हीकरण कर आंदोलनकारी का दर्जा देने की मांग की है। परिषद के प्रदेश उपाध्यक्ष कांतिबल्लभ जोशी के नेतृत्व में ज्ञापन देने वालों में दिनेश चंद्र शास्त्री, हेम चंद्र जोशी, नवीन चंद्र, रमेश जोशी, जनक चंद, भुवन पांडेय, गिरीश चंद्र जोशी आदि थे।
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