फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Champawat News ›   Rajisthani children caught begging in Nepal

नेपाल में भीख मांगते पकड़े गए राजस्थानी बच्चे

Mon, 18 Jun 2018 11:43 PM IST
अमर उजाला ब्यूराे चंपावत
अमर उजाला ब्यूराे चंपावत Updated Mon, 18 Jun 2018 11:43 PM IST
विज्ञापन
Rajisthani children caught begging in Nepal
प्रतीकात्मक फोटो

बनबसा सीमा क्षेत्र से सटे नेपाल के कंचनुपर जिला मुख्यालय महेंद्रनगर में नेपाल पुलिस ने दो दर्जन नाबालिग सहित 43 भारतीयों को भीख मांगते पकड़ा है। तहकीकात के बाद सभी को नेपाली संस्था माइते के सुपुर्द कर दिया। बाद में संस्था ने नाबालिगों को भारतीय संस्था रीड्स के हवाले किया है। पकड़े गए लोगों के अनुसार वह सभी राजस्थान से हैं और सूखा पड़ने के चलते भीख मांगने नेपाल आए थे।

विज्ञापन


नेपाल पुलिस के एसपी दिलेराज बिष्ट ने बताया कि संदेह होने पर पुलिस कंचनपुर में भीख मांग रहे कुछ बच्चों को लेकर जिला प्रहरी कार्यालय पहुंची। बताया कि 43 लोगों में से 24 नाबालिग थे। पूछताछ में सभी ने बताया कि राजस्थान में सूखा पड़ने के कारण वह भीख मांगने नेपाल पहुंचे हैं। कहा कि बच्चे पहनावे से अच्छे घरों के लग रहे हैं, जिस कारण भीख मांगना संदिग्ध लग रहा है।
विज्ञापन


मामले को मानव तस्कारी और बालश्रम का मान पुलिस ने सभी को नेपाली संस्था माईते के हवाले कर दिया। भारतीय पुलिस को भी घटना की जानकारी से अवगत कराने की बात कही है। माईते की संयोजिका माहेश्वरी भट्ट ने बताया कि मामले की छानबीन की जा रही है। फिलहाल पकड़ी गई सोना पत्नी श्याम निवासी गुमानपुरा माटो पाली राजस्थान से पूछताछ की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन


पकड़े गए 24 नाबालिगों को बनबसा स्थित रीड्स संस्था के उज्ज्वला पुनर्वास केंद्र में रखने को सौंप दिया है। उधर संस्था ने इस संबंध में बनबसा स्थित एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (एएचटीयू) को भी उक्त मामले की जानकारी दे दी है। दोनों संस्थाएं राजस्थान पुलिस से भी मामले के संबंध में पता करने में जुटी हैं। 

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed