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अमर उजाला इंपैक्ट: चंपावत आईटीआई को मिलेगी स्वतंत्रता दिवस की सौगात
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ंपावत का नव निर्मित आईटीआई भवन।
- फोटो : CHAMPAWAT
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चंपावत आईटीआई के लिए अच्छी खबरी है। 1984 में खुला यह संस्थान अगले 19 दिनों में अपने भवन में संचालित हो जाएगा। करीब दो माह पूर्व भवन का निर्माण कार्य पूरा हो चुका था लेकिन अब तक इसे शिफ्ट नहीं किया गया था। अमर उजाला द्वारा चलाए गए अभियान के क्रम में 17 जुलाई को चंपावत के आईटीआई की बदहाली को प्रमुखता से प्रकाशित किया गया था।
35 साल पुराना चंपावत आईटीआई अब तक किराये के चंद कमरों में चल रहा है। स्टाफ और जगह की कमी की वजह से संस्थान में स्वीकृत सभी तीन ट्रेड तक संचालित नहीं हो पा रहे थे। यहां स्वीकृत तीन ट्रेडों (वायरमैन, कटिंग व सिलाई और हिंदी टंकण) में से वायरमैन और कटिंग व सिलाई ही यहां संचालित है जिनमें महज 10 छात्र प्रशिक्षण ले रहे हैं।
आईटीआई के लिए चार साल पूर्व से 1.72 करोड़ रुपये से चल रहे भवन निर्माण का काम पूरा भी हो चुका है लेकिन अभी तक शिफ्टिंग नहीं हो सकी है। अब कार्यदायी संस्था राजकीय निर्माण निगम का कहना है कि जल्द ही हस्तांतरण की प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी।
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चंपावत आईटीआई के भवन निर्माण का कार्य पूरा होने के बावजूद हस्तांतरण नहीं होना गंभीर है। कार्यदायी एजेंसी की ओर से दो सप्ताह के भीतर सभी आवश्यक कार्यवाही कर इसके हस्तांतरण की कार्यवाही कराई जाएगी। 15 अगस्त से पूर्व आईटीआई किराये के भवन से अपनी नव निर्मित इमारत में शिफ्ट करा लिया जाएगा। सुरेंद्र नारायण पांडेय, जिलाधिकारी, चंपावत
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35 साल पुराना चंपावत आईटीआई अब तक किराये के चंद कमरों में चल रहा है। स्टाफ और जगह की कमी की वजह से संस्थान में स्वीकृत सभी तीन ट्रेड तक संचालित नहीं हो पा रहे थे। यहां स्वीकृत तीन ट्रेडों (वायरमैन, कटिंग व सिलाई और हिंदी टंकण) में से वायरमैन और कटिंग व सिलाई ही यहां संचालित है जिनमें महज 10 छात्र प्रशिक्षण ले रहे हैं।
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आईटीआई के लिए चार साल पूर्व से 1.72 करोड़ रुपये से चल रहे भवन निर्माण का काम पूरा भी हो चुका है लेकिन अभी तक शिफ्टिंग नहीं हो सकी है। अब कार्यदायी संस्था राजकीय निर्माण निगम का कहना है कि जल्द ही हस्तांतरण की प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी।
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चंपावत आईटीआई के भवन निर्माण का कार्य पूरा होने के बावजूद हस्तांतरण नहीं होना गंभीर है। कार्यदायी एजेंसी की ओर से दो सप्ताह के भीतर सभी आवश्यक कार्यवाही कर इसके हस्तांतरण की कार्यवाही कराई जाएगी। 15 अगस्त से पूर्व आईटीआई किराये के भवन से अपनी नव निर्मित इमारत में शिफ्ट करा लिया जाएगा। सुरेंद्र नारायण पांडेय, जिलाधिकारी, चंपावत