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गर्मी की शुरूआत भी नहीं गहराने लगा पेयजल संकट
Updated Wed, 07 Mar 2018 11:12 PM IST
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चंपावत। शहर में पेयजल संकट गहराने लगा है। जिला मुख्यालय के तमाम मोहल्लों में रोज पानी की आपूर्ति नहीं हो पा रही है। पेयजल स्रोत में पानी का डिस्चार्ज कम होने से विभाग ने अब शहर के तमाम मोहल्लों में पानी बांटने का रोस्टर तय कर लिया है। इन मोहल्लों में अब एक दिन छोड़ कर पानी की आपूर्ति की जा रही है।
जिला मुख्यालय में हर दिन तकरीबन 11 लाख लीटर पानी की जरूरत है। लेकिन पानी की उपलब्धता इस समय केवल साढ़े चार लाख लीटर प्रतिदिन ही है। जिस वजह से पेयजल संकट गहरा रहा है। काफी लंबे समय से बारिश नहीं होने से तमाम पेयजल स्रोतों में इसका गहरा असर पड़ा है। पेयजल स्रोत में गिरावट आने से पानी की सप्लाई में भी असर पड़ रहा है। जिला मुख्यालय में गोरलचौड़, तल्लीहाट, मल्लीहाट, भैरवां, कनलगांव और छतार समेत तमाम इलाके पेयजल के नजरिए से संवेदनशील हैं।
जिला मुख्यालय में हर दिन तकरीबन 11 लाख लीटर पानी की जरूरत है। लेकिन पानी की उपलब्धता इस समय केवल साढ़े चार लाख लीटर प्रतिदिन ही है। जिस वजह से पेयजल संकट गहरा रहा है। काफी लंबे समय से बारिश नहीं होने से तमाम पेयजल स्रोतों में इसका गहरा असर पड़ा है। पेयजल स्रोत में गिरावट आने से पानी की सप्लाई में भी असर पड़ रहा है। जिला मुख्यालय में गोरलचौड़, तल्लीहाट, मल्लीहाट, भैरवां, कनलगांव और छतार समेत तमाम इलाके पेयजल के नजरिए से संवेदनशील हैं।
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