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बुजुर्ग वोटर:मतदान में बुजुर्ग वोटरों ने उम्र को पछाड़ा
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चंपावत/लोहाघाट/पाटी। जिले में 55 प्रतिशत से अधिक युवा वोटर हैं लेकिन यंग इंडिया में उम्रदराज मतदाता भी पीछे नहीं है। बुजुर्गों ने लोकसभा चुनाव में खूब उत्साह के साथ मतदान किया। यहां तक कि उम्र का शतक बना चुके 3 वोटरों ने मतदान किया।
चंपावत जीआईसी में बची देवी (102) ने बहू लीला देवी, समाज कल्याण विभाग के प्रशासनिक अधिकारी मोहन गिरि, हिमांशु उप्रेती की मदद से वोट दिया। सिमल्टा गांव की गोविंदी देवी (102) और खिरद्वारी में दान सिंह (103) ने वोट किया। इसके अलावा विजय फर्त्याल, मंजपीपल के दिवान सिंह, कमला देवी आदि बुजुर्ग ने भी अपने हौसले से लोकतंत्र को मजबूत किया।
बाराकोट के सेवानिवृत्त शिक्षक प्रहलाद सिंह अधिकारी (97), पम्दा की पूर्णावती (94) आमा , कलचौड़ा की भानुमती (89) आमा केशवी मुरारी और तुलसी मुरारी के साथ मतदान करने पहुंची। जबकि बाराकोट के खड़क सिंह (92) ने खुद जाकर वोट दिया। बाराकोट के ब्लाक प्रमुख निर्मल माहरा के साथ भवानी (92) आमा ने अपना वोट डाला।
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इन बुजुर्ग वोटरों का कहना था कि वे आजादी के बाद से हर पंचायती, लोकसभा और विधानसभा चुनावों में मतदान करते आए हैं। उनका कहना है कि मजबूत लोकतंत्र बनाने के लिए सभी लोगों को मतदान करना चाहिए।
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चंपावत जीआईसी में बची देवी (102) ने बहू लीला देवी, समाज कल्याण विभाग के प्रशासनिक अधिकारी मोहन गिरि, हिमांशु उप्रेती की मदद से वोट दिया। सिमल्टा गांव की गोविंदी देवी (102) और खिरद्वारी में दान सिंह (103) ने वोट किया। इसके अलावा विजय फर्त्याल, मंजपीपल के दिवान सिंह, कमला देवी आदि बुजुर्ग ने भी अपने हौसले से लोकतंत्र को मजबूत किया।
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बाराकोट के सेवानिवृत्त शिक्षक प्रहलाद सिंह अधिकारी (97), पम्दा की पूर्णावती (94) आमा , कलचौड़ा की भानुमती (89) आमा केशवी मुरारी और तुलसी मुरारी के साथ मतदान करने पहुंची। जबकि बाराकोट के खड़क सिंह (92) ने खुद जाकर वोट दिया। बाराकोट के ब्लाक प्रमुख निर्मल माहरा के साथ भवानी (92) आमा ने अपना वोट डाला।
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इन बुजुर्ग वोटरों का कहना था कि वे आजादी के बाद से हर पंचायती, लोकसभा और विधानसभा चुनावों में मतदान करते आए हैं। उनका कहना है कि मजबूत लोकतंत्र बनाने के लिए सभी लोगों को मतदान करना चाहिए।