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95.6 प्रतिशत के साथ आयुष खंडूड़ी बने चमोली जिले के टॉपर

Mon, 13 Jul 2020 10:09 PM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Mon, 13 Jul 2020 10:09 PM IST
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Aayush Khanduri became the topper of Chamoli district with 95.6 percent
आयुष खंडूड़ी, 95.6 प्रतिशत, जवाहर नवोदय विद्यालय पीपलकोटी - फोटो : GOPESHWAR
सीबीएसई 12वीं में जवाहर नवोदय विद्यालय पीपलकोटी के आयुष खंडूड़ी 95.6 प्रतिशत अंकों के साथ जिले में टॉपर रहे। आयुष ने 500 में से 478 अंक हासिल किए। पीस पब्लिक स्कूल गोपेश्वर के आयुष रावत 477 (95.4 प्रतिशत) अंक लेकर दूसरे स्थान पर रहे जबकि 476 अंकों के साथ पीस पब्लिक स्कूल की ही आराधना तृतीय स्थान पर रही। केंद्रीय विद्यालय जोशीमठ की वंदना रावत 475 अंकों के साथ चौथे स्थान पर रहीं। पांचवें स्थान पर केंद्रीय विद्यालय आईटीबीपी गौचर के रजत खंडूड़ी, पीस पब्लिक स्कूल के अभिषेक उनियाल और नेहा कोठारी 473 अंक लेकर संयुक्त रूप से पांचवें स्थान पर रहे।
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आईएएस और इंजीनियर बनना चाहते हैं चमोली जिले के टॉपर
गोपेश्वर/कर्णप्रयाग/जोशीमठ। जवाहर नवोदय विद्यालय पीपलकोटी के आयुष खंडूड़ी (95.6) इंजीनियर बनना चाहते हैं। वह उसी की तैयारी में लगे हैं। वह कहते हैं कि मुझे पढ़ने के लिए मेरे माता-पिता और शिक्षकों ने प्रेरित किया है। मैं अपनी सफलता का श्रेय माता पिता को देता हूं। वहीं पीस पब्लिक स्कूल गोपेश्वर के आयुष रावत (95.4) का कहना है कि इंजीनियरिंग फील्ड में जाना चाहता हूं। उसके लिए कुछ जगह के फार्म भी भरे हैं। इन दिनों उसकी तैयारी कर रहा हूं। आयुष के पिता कुलदीप रावत और मां चंद्रकला रावत दोनों शिक्षक हैं, जिससे घर में पढ़ाई का अच्छा माहौल मिला। पीस पब्लिक स्कूल की ही आराधना (95.2) आईएएस बनना चाहती हैं। वह कहती हैं कि फिलहाल बीएससी में दाखिला लेने के साथ आगे की तैयारी करूंगी। पिता हरेंद्र गड़िया शिक्षक हैं और घर में पढ़ने का अच्छा माहौल रहा।
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डॉक्टर बनना चाहती हैं अस्मिता
कर्णप्रयाग। अस्मिता नौटियाल 94 प्रतिशत अंकों के साथ चमोली जिले के टॉप टेन की सूची में छठे नंबर पर रहीं। अस्मिता ने 500 में से 470 अंक हासिल किए। अस्मिता ने अंग्रेजी में 98, हिंदी में 98, जीव विज्ञान में 100, केमिस्ट्री में 94 और फिजिक्स में 80 अंक हासिल किए। अस्मिता ने बताया कि उसने बिना ट्यूशन के यह मुकाम हासिल किया है। वह डॉक्टर बनकर देश की सेवा करना चाहती हैं। उनके पिताजी डा. जितेंद्र नौटियाल डिग्री कॉलेज कर्णप्रयाग में हिंदी के प्रोफेसर हैं।
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