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बीकेटीसी कर रही अब नायब रावल की नियुक्ति पर मंथन
Chamoli
Updated Tue, 11 Feb 2014 05:43 AM IST
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गोपेश्वर। बदरीनाथ धाम के रावल (मुख्य पुजारी) वी केशवन नंबूदरी की गिरफ्तारी के बाद नायब रावल ईश्वर नंबूदरी का रावल बनना लगभग तय माना जा रहा है। ऐसे में बदरी-केदार मंदिर समिति के सामने दिक्कत यह है कि नायब रावल कौन होगा। यात्राकाल के दौरान रावल की तबियत बिगड़ने पर मंदिर की पूजा अर्चना की जिम्मेदारी नायब रावल ही संभालते रहे हैं। ऐसे में बीकेटीसी ने नायब रावल की नियुक्ति पर विचार करना शुरू कर दिया है।
उच्च हिमालयी क्षेत्र में बदरीनाथ धाम 10 हजार 170 फुट की उंचाई पर स्थित है। यहां मौसम कब करवट बदल दे, यह कहना मुश्किल है। ऐसी स्थिति को देखते हुए यात्राकाल में पूजा-अर्चना के लिए रावल के साथ ही नायब रावल की भी नियुक्ति की जाती है। धाम में ईश्वर नंबूदरी ने वर्ष 2009 में नायब रावल का जिम्मा संभाला था। ये भी मंदिर समिति के वेतनभोगी कर्मचारी होते हैं। बीकेटीसी के मुख्य कार्याधिकारी बीडी सिंह ने कहा कि रावल की नियुक्ति के बाद शीघ्र नंबूदरी समुदाय के व्यक्ति को नायब रावल का जिम्मा सौंपा जाएगा। यात्राकाल में रावल के साथ नायब रावल का होना बेहद जरूरी है। इस पर भी मंथन किया जा रहा है।
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उच्च हिमालयी क्षेत्र में बदरीनाथ धाम 10 हजार 170 फुट की उंचाई पर स्थित है। यहां मौसम कब करवट बदल दे, यह कहना मुश्किल है। ऐसी स्थिति को देखते हुए यात्राकाल में पूजा-अर्चना के लिए रावल के साथ ही नायब रावल की भी नियुक्ति की जाती है। धाम में ईश्वर नंबूदरी ने वर्ष 2009 में नायब रावल का जिम्मा संभाला था। ये भी मंदिर समिति के वेतनभोगी कर्मचारी होते हैं। बीकेटीसी के मुख्य कार्याधिकारी बीडी सिंह ने कहा कि रावल की नियुक्ति के बाद शीघ्र नंबूदरी समुदाय के व्यक्ति को नायब रावल का जिम्मा सौंपा जाएगा। यात्राकाल में रावल के साथ नायब रावल का होना बेहद जरूरी है। इस पर भी मंथन किया जा रहा है।
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