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पोस्टल कर्मियों की हड़ताल, 40 लाख का व्यवसाय प्रभावित

Haldwani Bureau हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Thu, 26 Nov 2020 07:14 PM IST
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Postal workers strike, 40 lakh business affected
बागेश्वर में बंद पड़ा डाकघर। संवाद न्यूज एजेंसी - फोटो : BAGESHWAR
बागेश्वर। नेशनल फेडरेशन ऑफ पोस्ट इंपलाइज के आह्वान पर डाकघरों में बृहस्पतिवार को पांच दिन का कार्य सप्ताह लागू करने समेत तमाम मांगों को लेकर हड़ताल रही। मुख्य डाकघर के साथ ही 27 शाखा डाकघरों में कामकाज नहीं हुआ। हड़ताल के कारण जिलेभर में करीब 40 से 50 लाख रुपये का लेनदेन प्रभावित हुआ। डाक कर्मचारी संघ के नेता केआर चुनेरा ने कहा कि लगातार मांग उठाने के बाद भी मांगें पूरी नहीं की जा रही है। पोस्टल कर्मियों की हड़ताल के कारण लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। संवाद
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ये हैं पोस्टल कर्मियों की मांगें
बागेश्वर फेडरेशन लंबे समय से डाकघरों में पांच दिन का कार्य सप्ताह लागू करने, एनपीएस बंद करने, पुरानी पेंशन योजना लागू करने, जीडीएस कर्मचारियों के की गई सिफारिशें लागू करने, महंगाई भत्तों पर लगी रोक समाप्त करने, वेतन पुनरीक्षण पांच वर्ष में करने, आठवां वेतन आयोग गठित करने, सातवें वेतन आयोग की सिफारिश के अनुसार निर्धारित फार्मूला लागू करने, सभी भत्तों का भुगतान एक जनवरी 2016 से करने, ग्रुप बी और सी कर्मियों को पांच समयबद्ध प्रोन्नति देने, डाक लेखा कार्यालयों का विकेंद्रीकरण बंद करने समेत तमाम मांगे उठा रहा है। संवाद
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पुरानी पेंशन बहाली को लेकर शिक्षक-कर्मचारियों ने बांधे काले फीते
बागेश्वर। पुरानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर राष्ट्रीय पुरानी पेशन बहाली मंच के आह्वान पर शिक्षक-कर्मचारियों ने बृहस्पतिवार को बांहों में काले फीते बांधकर विरोध जताया। मोर्चा के राष्ट्रीय सदस्य आलोक पांडेय, प्रदेश समन्वयक मिलिंग बिष्ट के नेतृत्व में एकत्र शिक्षक-कर्मचारियों ने कहा कि सरकार ने नई पेंशन योजना लागू कर शिक्षक-कर्मचारियों के साथ घोर अन्याय किया है। नई पेंशन योजना से कर्मचारियों का भविष्य सुरक्षित नहीं है। इस पेंशन योजना का न तो सेवाकाल में कोई लाभ मिल पा रहा है, न सेवानिवृत्त होने के बाद कोई लाभ है। कर्मियों की पेंशन शेयर मार्केट पर निर्भर कर दी गई है। विरोध जताने वालों में हरीश फर्स्वाण, कृपाशंकर, विजय कुमार, सुखदेव, विजयश्री पंत, विनीता अल्मिया, नीरज जोशी, पूनम खाती, खड़क सिंह खाती, राजेंद्र सिंह, मालती देवी आदि शामिल थे। संवाद
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