फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Bageshwar News ›   People face problems.

Bageshwar News: ठेकेदार, कंट्रक्शन कंपनियों को काली सूची में डालने की संस्तुति

Wed, 29 May 2024 12:13 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बागेश्वर
संवाद न्यूज एजेंसी, बागेश्वर Updated Wed, 29 May 2024 12:13 AM IST
विज्ञापन
People face problems.
बागेश्वर। कपकोट के दूरस्थ इलाके सोराग के लिए बनी सड़क और निर्माणाधीन मोटर पुल की घपलेबाजी का जिला प्रशासन ने संज्ञान लिया है। डीएम ने निर्धारित समय में सोराग का मोटर पुल न बनने और सड़क निर्माण में अनियमितता को लेकर ठेकेदार और कंस्ट्रक्शन कंपनियों को ब्लैक लिस्ट करने, वाॅप्कोस के स्थानिक अभियंता को स्थानांतरित करने की संस्तुति सचिव लोक निर्माण विभाग से की है। अमर उजाला ने यह मामला बीते फरवरी माह से लगातार उजागर किया है।
विज्ञापन

डीएम अनुराधा पाल ने बीते 27 मई को सचिव लोक निर्माण अनुभाग-2 को लिखे पत्र में कहा है कि उंगिया-सोराग मोटर मार्ग के किलोमीटर तीन में पिंडर नदी पर 60 मीटर स्पान स्टील गार्डर पुल का निर्माण कार्य अनुबंध के अनुसार सात जनवरी 2022 को प्रारंभ हाना था और कार्य समाप्ति की तिथि 6 अक्तूबर 2022 थी। कार्यदायी संस्था वॉप्कोस लिमिटेड के पुल निर्माण के लिए 75 प्रतिशत धनराशि संबंधित ठेकेदार को अग्रिम भुगतान करने के बाद भी नियत समय में पुल नहीं बना। क्षेत्रीय जनता के आंदोलन करने पर वॉप्कोस के स्थानिक अभियंता ने मार्च 2024 तक पुल का निर्माण करने का आश्वासन दिया लेकिन पुल का निर्माण नहीं हुआ है।
विज्ञापन

डीएम ने कहा कि उंगिया-सोराग सड़क का निर्माण कार्य पीएमजीएसवाई डिवीजन कपकोट ने किया। ग्रामवासियों ने सड़क का कार्य मानकों के अनुसार न होने की शिकायत की। इस पर एक फरवरी 2024 को जांच कमेटी गठित की। जांच कमेटी ने सड़क निर्माण में कई कमियों का उल्लेख किया। 18 मार्च 2024 को कमियों का निराकरण करने के निर्देश पीएमजीएसवाई के ईई को दिए गए। कार्यदायी संस्था ने अब भी मानकों के अनुसार कार्य पूर्ण नहीं किया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

डीएम ने कहा है कि सड़क और पुल निर्माण में कार्यदायी संस्थाओं की घोर लापरवाही और कार्य के प्रति उदासीनता उजागर हुई है। पुल का निर्माण पूर्ण न होने पर क्षेत्रवासी आंदोलन की चेतावनी दे रहे हैं। सरकार और प्रशासन की छवि धूमिल हो रही है।
डीएम ने पुल के ठेकेदार दलीप सिंह अधिकारी, सड़क निर्माण कंपनी मैसर्स देवभूमि कंस्ट्रक्शन ऋषिकेश, मैसर्स देवभूमि कंस्ट्रक्शन (जेबी) मुनी की रेती टिहरी गढ़वाल को काली सूची में डालने और वॉप्कोस के स्थानिक अभियंता बिशन लाल को जिले से अन्यत्र स्थानांतरित करने की संस्तुति की है।

लापरवाही से गई नवजात की जान

बागेश्वर। डीएम अनुराधा पाल ने सचिव को भेजे पत्र में कहा है कि एसडीएम कपकोट ने बीते 21 मई को भेजी जांच आख्या में कहा है कि सोराग निवासी प्रवीण सिंह की गर्भवती पत्नी रेखा देवी को बीते 17 मई को प्रसव पीड़ा के दौरान डोली में पिंडर नदी पर बने कच्चे पुल से पार कराने का वीडियो वायरल हुआ था। गर्भवती महिला को समय रहते अस्पताल नहीं पहुंचाया जा सका। अस्पताल पहुंचने तक बच्चे की मृत्यु हो गई थी। गर्भस्थ शिशु की मौत कार्यदायी संस्था/ठेकेदार की घोर लापरवाही से होना प्रतीत होती है। संवाद




चार करोड़ का पुल, सात करोड़ की सड़क

बागेश्वर। सोराग के पिंडर नदी पर मोटर पुल के लिए चार करोड़, दस लाख, बारह हजार रुपये स्वीकृत हैं। वहीं उंगिया से सोराग तक बनी 11.3 किमी लंबी सड़क के लिए सात करोड़, आठ लाख, त्रैपन हजार रुपये मंजूर थे। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed