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हत्या व चोरी के मामलों में लिप्त युवक की मौत से सनसनी
ब्यूरो/अमर उजाला, बागेश्वर।
Updated Sun, 22 Oct 2017 10:05 PM IST
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अपने पिता और मंदिर के पुजारी की हत्या सहित चोरी के तमाम मामलों में आरोपी रहे युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। उसका शव जिला अस्पताल के परिसर में पड़ा मिला। वह पिछले 10 साल से मंदिर और अस्पताल परिसर में रह रहा था। रविवार सुबह जिला अस्पताल के सफाई कर्मचारी को परिसर में एक शव पड़ा मिला।
इससे वहां सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही कोतवाल पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। मृतक की शिनाख्त गाजली निवासी पूरन सिंह पुत्र स्व. विशन सिंह के रूप में की गई। पुलिस के अनुसार वह दो हत्याओं में आरोपी था, जबकि चोरियों में कई बार जेल भी जा चुका था।
कोतवाल टीआर वर्मा ने बताया कि पूरन सिंह पर अपने पिता की हत्या करने और चंडिका मंदिर के पुजारी की हत्या में शामिल होने का आरोप था। हत्या के आरोप लगने के बाद वह कई सालों तक जेल में रहा, लेकिन सबूत के अभाव में वह छूट गया। आए दिन उसके खिलाफ चोरी की शिकायतें होती रहती थी।
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बताया जाता है कि मृतक शादीशुदा था, लेकिन आपराधिक गतिविधियों में लिप्त रहने के कारण उसकी पत्नी उसे छोड़कर चली गई थी। वह पिछले 10 वर्षों से राधाकृष्ण मंदिर और जिला अस्पताल परिसर में रात गुजारता आ रहा था।
कोतवाल ने बताया कि पूरन सिंह को टीबी हो गई थी और उसका इलाज भी चल रहा था। उसकी मौत की सूचना उसके भाई को दी गई। शव को पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया गया है।
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इससे वहां सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही कोतवाल पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। मृतक की शिनाख्त गाजली निवासी पूरन सिंह पुत्र स्व. विशन सिंह के रूप में की गई। पुलिस के अनुसार वह दो हत्याओं में आरोपी था, जबकि चोरियों में कई बार जेल भी जा चुका था।
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कोतवाल टीआर वर्मा ने बताया कि पूरन सिंह पर अपने पिता की हत्या करने और चंडिका मंदिर के पुजारी की हत्या में शामिल होने का आरोप था। हत्या के आरोप लगने के बाद वह कई सालों तक जेल में रहा, लेकिन सबूत के अभाव में वह छूट गया। आए दिन उसके खिलाफ चोरी की शिकायतें होती रहती थी।
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बताया जाता है कि मृतक शादीशुदा था, लेकिन आपराधिक गतिविधियों में लिप्त रहने के कारण उसकी पत्नी उसे छोड़कर चली गई थी। वह पिछले 10 वर्षों से राधाकृष्ण मंदिर और जिला अस्पताल परिसर में रात गुजारता आ रहा था।
कोतवाल ने बताया कि पूरन सिंह को टीबी हो गई थी और उसका इलाज भी चल रहा था। उसकी मौत की सूचना उसके भाई को दी गई। शव को पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया गया है।