फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Bageshwar News ›   Lockdown: Kausani, Baijnath, Kafni-Pindari glacier listened to tourists

Uttarakhand Lockdown 3.0 : कौसानी, बैजनाथ, कफनी-पिंडारी ग्लेशियर सैलानियों के बिना सूने पड़े

Thu, 14 May 2020 12:02 PM IST
अमर उजाला लोकल ब्यूरो न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, बागेश्वर
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, बागेश्वर Published by: अमर उजाला लोकल ब्यूरो Updated Thu, 14 May 2020 12:02 PM IST
विज्ञापन
Lockdown: Kausani, Baijnath, Kafni-Pindari glacier listened to tourists
पिंडारी ग्लेशियर - फोटो : amar ujala

कोरोना संक्रमण के चलते हुए लॉकडाउन का असर बागेश्वर जिले के विख्यात पर्यटक स्थलों, ट्रैकिंग रूटों पर भी पड़ा है। काैसानी, बैजनाथ, बागेश्वर, धरमघर, सुंदरढुंगा वैली, कफनी ग्लेशियर, पिंडारी ग्लेशियर, काेट भ्रामरी आदि स्थल सूने पड़े हैं। जिले के पर्यटन व्यवसायियों को करीब चार करोड़ रुपये की चपत लग चुकी है।

विज्ञापन


होटल, रिजॉर्ट में काम करने वाले दो हजार कर्मचारियों का रोजगार छिन गया है। जिले में 80 हाेटल, गेस्ट हाउस और 56 हाेमस्टे पर्यटन विभाग में पंजीकृत हैं। मानसून आने से पहले अप्रैल, मई और जून में साल का पहला पर्यटन सीजन चलता है। इस सीजन में हर साल लगभग 40 से 50 हजार पर्यटक देश, विदेश से बागेश्वर जिले के पर्यटन स्थलों की सैर करते हैं।
विज्ञापन


इससे यहां पर्यटन व्यवसाय से जुड़े लाेगाें काे राेजगार मिलता है, लेकिन इस बार मात्र 132 पर्यटक ही जिले में आ पाए। वह भी लॉकडाउन मेें कौसानी के होटलों, गेस्टहाउसों में फंसे रहे। पिछले साल इस सीजन में करीब 40 हजार पर्यटक जिले के भ्रमण पर आए। इनमें एक हजार विदेशी सैलानी थे।

विज्ञापन
विज्ञापन

दूसरे पर्यटन सीजन से पर्यटक काराेबार को पंख लगने की उम्मीद

हालांकि 15 सितंबर से 15 नवंबर तक चलने वाले वर्ष के दूसरे पर्यटन सीजन से पर्यटक काराेबार को पंख लगने की उम्मीद है, लेकिन माैजूदा हालात काे देखते हुए कुछ कह पाना संभव नहीं है। हाेटल एसोसिएशन के अध्यक्ष बलवंत सिंह नेगी ने बताया कि अधिकतर हाेटल पर्यटकों के कारण ही चलते हैं।

लॉकडाउन के कारण ज्यादातर हाेटल कर्मचारी बेरोजगार हाे गए हैं। लॉकडाउन के कारण पर्यटन व्यवसाय ठप हो गया है।

ट्रैकिंग नहीं हाेने से स्थानीय लाेग बेरोजगार

लॉकडाउन के कारण साहसिक पर्यटक गतिविधियां भी ठप हैं। पिंडारी ग्लेशियर, सुंदरढुंगा वैली, काफनी ग्लेशियर में ट्रैकिंग पर इसका असर पड़ा है। स्थानीय लोग घाेड़े, खच्चर और कंधे पर पर्यटकों का सामान ढोकर आजीविका कमाते थे। यह लोग भी बेरोजगार हो गए हैं।

टैक्सी संचालकाें पर भी पड़ा असर

देश, विदेश से आने वाले सैलानियों को पर्यटक स्थलों की सैर कराने वाले टैक्सी संचालकों पर भी लॉकडाउन की मार पड़ी है। जिले में सौ से अधिक टैक्सी संचालक पर्यटकों काे जिले के पर्यटन स्थलों में घुमाने का काम करते हैं। इन लोगों के पास भी इस बार काम नहीं है।


लॉकडाउन के कारण पर्यटन व्यवसाय खासा प्रभावित हुआ है। पर्यटन विभाग काे करीब डेढ़ करोड़ का नुकसान हुआ है। सितंबर से शुरू हाेने वाले साल के दूसरे पर्यटन सीजन से उम्मीदें बरकरार हैं।
- कीर्ति चंद्र आर्या, जिला पर्यटन अधिकारी बागेश्वर
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed