फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Bageshwar News ›   Gandhi yatra From Kausani To Bageshwar

महात्मा गांधी के बागेश्वर भ्रमण का आईना है रीविजिटिंग यात्रा

Haldwani Bureau हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Wed, 23 Mar 2022 12:30 AM IST
विज्ञापन
Gandhi yatra From Kausani To Bageshwar
बागेश्वर में गांधी रिविजिटिंग यात्रा के समापन पर नुमाइशखेत मैदान में गांधी जी की मूर्ति पर माल्? - फोटो : BAGESHWAR
बागेश्वर। कौसानी के अनासक्ति आश्रम से शुरू हुई गांधी रीविजिटिंग यात्रा का समापन बागेश्वर के स्वराज भवन में हुआ। दूसरे दिन मंगलवार को यात्री गागरीगोल से चलकर नुमाइशखेत पहुंचे। यात्रियों ने स्वराज भवन प्रांगण में लगी महात्मा गांधी की प्रतिमा का माल्यार्पण किया। समापन समारोह में यात्रा के उद्देश्य और महत्व बताया गया।
विज्ञापन

समापन समारोह के मुख्य अतिथि नगर पालिका अध्यक्ष सुरेश खेतवाल ने गांधी रीविजिटिंग यात्रा को जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान की बेहतरीन पहल बताया। कहा कि ऐसे कार्यक्रम से युवाओं को आजादी के आंदोलन में बापू की भूमिका समेत जिले के स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के योगदान को जानने का मौका मिलेगा। पद्मश्री प्रो. शेखर पाठक ने कहा कि गांधी रीविजिटिंग यात्रा समय की मांग है। हर जिले में इस तरह की यात्रा या अन्य कार्यक्रम कराए जाने चाहिए। डीएलएड प्रशिक्षुओं ने कार्यक्रम में कुली बेगार गीत प्रस्तुत किया।
विज्ञापन

कार्यक्रम समन्वयक डायट प्रवक्ता रवि कुमार जोशी ने कहा कि गांधी रीविजिटिंग यात्रा का आयोजन आजादी का अमृत महोत्सव के तहत कराया गया। यात्रा का उद्देश्य महात्मा गांधी के गरुड़ से बागेश्वर तक के पदयात्रा रूट की जानकारी जुटाना, कुली बेगार आंदोलन के शताब्दी वर्ष की याद और जिले के स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों का सम्मान करना था। डायट प्राचार्य डॉ. शैलेंद्र धपोला ने कहा कि इस यात्रा पर आधारित पुस्तक को जल्द तैयार किया जाएगा। उन्होंने कार्यक्रम की सफलता के लिए सभी लोगों का आभार जताया।
विज्ञापन
विज्ञापन

इससे पूर्व मंगलवार सुबह यात्रा गागरीगोल से शुरू होकर भौंरा, बमराड़ी, रवांईखाल, बहुली, मोटासिमल, द्यांगण होकर जिला मुुख्यालय पहुंची। इस दौरान यात्रियों ने कई जगह लोगों को महात्मा गांधी के जिला भ्रमण के बारे में बताया। स्वतंत्रता संग्राम में अहम योगदान देने वाले जिलेवासियों के बारे में भी जानकारी दी। कार्यक्रम में रमेश पांडेय कृषक, सभासद प्रेम सिंह हरड़िया, नीरज पांडेय, किशन सिंह मलड़ा, दीप जोशी, डॉ. राजीव जोशी, केपी चंदोला, पंकज पांडेय आदि शामिल हुए।
स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के परिजन सम्मानित
बागेश्वर। स्वराज भवन में हुए समापन समारोह में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्व. शिव लाल वर्मा की धर्मपत्नी नंदी वर्मा, जयंत सिंह परिहार के पुत्र प्रेम सिंह परिहार और शिव दत्त पांडेय के प्रपौत्र रमेश चंद्र पांडेय को सम्मानित किया गया। इससे पूर्व गरुड़ और गागरीगोल में भी कई स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के परिजनों को सम्मानित किया गया था।

बापू ने किया था स्वराज भवन का शिलान्यास
बागेश्वर। वर्ष 1929 में बागेश्वर भ्रमण के दौरान महात्मा गांधी ने नुमाइशखेत के पास स्वराज भवन का शिलान्यास किया था। यात्रा के दौरान हुई जनसभा में उन्होंने कुली बेगार प्रथा को समाप्त करने के लिए चली रक्तहीन क्रांति की सराहना कर आंदोलन में शामिल लोगों का आभार जताया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed