फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Bageshwar News ›   Ezola will help to get rid of the green fodder crisis

हरे चारे के संकट से निजात दिलाएगा एजोला

Sun, 03 Mar 2019 12:15 AM IST
दीपक नेगी ब्यूरो/अमर उजाला/बागेश्वर
ब्यूरो/अमर उजाला/बागेश्वर Published by: दीपक नेगी Updated Sun, 03 Mar 2019 12:15 AM IST
विज्ञापन
Ezola will help to get rid of the green fodder crisis
लेमन ग्रास - फोटो : अमर उजाला

पहाड़ में चारा संकट से निजात दिलाने के लिए कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को एजोला चारे के रूप में हरे चारे का विकल्प दिया है। एजोला चारा बेहद कम जगह में न्यूनतम लागत में उगाया जा सकता है। कृषि विज्ञान केंद्र काफलीगैर के वैज्ञानिक इन दिनों किसान मेलों के जरिए किसानों को इसकी जानकारी दे रहे हैं। 

विज्ञापन


पर्वतीय क्षेत्र में पशुओं के लिए हरा चारा उत्पादन एक बड़ी समस्या है। पशुओं के लिए हो रहे चारे की कमी से किसान अब पशु पालन से भी मुंह मोड़ रहे हैं। पहाड़ में किसान सूखी घास तो एकत्र करते हैं लेकिन पूरे साल हरा चारा पैदा करना किसानों के लिए बड़ी दिक्कत पैदा करता है। इस समस्या से निबटने के लिए कृषि वैज्ञानिकों ने एजोला के रूप में हरे चारे का विकल्प किसानों को दिया है। 
विज्ञापन


केवीके काफलीगैर के वैज्ञानिक डॉ. एनके सिंह और डॉ. एमपी सिंह ने बताया कि एजोला चारा बेहद कम जगह व कम लागत में उगाया जा सकता है। इसके उत्पादन के लिए बीज की भी आवश्यकता नहीं होती है। शुरूआत में केवीके चारे का बीज मुहैया कराता है। बाद में वही चारा बीज का काम करता है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


ऐसे करें एजोला चारे का उत्पादन
केवीके काफलीगैर के प्रबंधक डॉ. एमपी सिंह बताते हैं कि घर में ही एक फिट गहरा दो मीटर चौड़ा गड्ढा बनाकर उसमें प्लास्टिक डालकर पानी भर दिया जाता है। पानी भरने के उपरांत उसमें एजोला चारे का बीज डाल दिया जाता है। कुछ ही दिनों के पश्चात हरा चारा तैयार हो जाएगा। चारे को पानी से बाहर निकालकर धोने के बाद सूखे चारे में मिलाकर मवेशियों को दिया जा सकता है। 

पोषक तत्व से भरपूर है एजोला चारा
एजोला चारे में 25 प्रतिशत प्रोटीन की मात्रा पाई जाती है। पहाड़ में हरे चारे की समस्या से निबटने के लिए एजोला चारा बेहद लाभकारी विकल्प है। इसे साल भर इस्तेमाल किया जा सकता है। केवीके काफलीगैर किसानों केे एजोला चारे का बीज मुहैया करा रहा है। 


कोट : एजोला चारे मूलत: फर्न प्रजाति का पौधा है जो कि पानी में पैदा होता है। पहाड़ में हरे चारे की समस्या से निबटने के लिए इसे इस्तेमाल किया जा सकता है। एजोला में भरपूर प्रोटीन होता है। नाइट्रोजन फिक्सेसन व जैव उर्वरक का काम भी एजोला करता है। : डॉ. एनके सिंह, कृषि वैज्ञानिक, केवीके काफलीगैर

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed