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परिजनों ने सीबीआई जांच की मांग उठाई
Updated Wed, 03 Oct 2018 10:50 PM IST
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बागेश्वर। यूपी के ललितपुर जिले में एसडीएम रहे बागेश्वर के मूल निवासी हेमेंद्र कांडपाल की मौत मामले ने दूसरा मोड़ ले लिया है। परिजनों के हत्या की आशंका जताने से पूरी घटना संदेह के कठघरे में खड़ी हो गई है। उनकी मौत से मूल गांव के संबंधियों में शोक की लहर है। मूल गांव के संबंधियों ने भी पूरे मामले के खुलासे के लिए सीबीआई जांच की मांग की है।
उत्तर प्रदेश के प्रशासनिक अधिकारी हेमेंद्र कांडपाल बागेश्वर जिले की ग्राम सभा खोली के कांकड़ा तोक के मूल निवासी थे। उनके पिता एडी कांडपाल राज्य गठन से भी बरसों पहले बरेली के राजेंद्र नगर में बस गए थे। हालांकि साल दर साल पूजापाठ और पारिवारिक संबंधों के चलते उनके परिवार का यहां आनाजाना लगा रहा। पिछले दिनों उनके तैनाती स्थल पर उनकी मौत होने की खबर से क्षेत्र शोक में डूबा हुआ है। उनके भतीजे जुगल कांडपाल ने बताया कि चाचा के पास आत्महत्या के लिए कोई ठोस वजह नहीं थी। अभी तक कोई सुसाइड नोट भी नहीं मिला है। उन्होंने पुलिस प्रशासन के प्रथम दृष्टया तथाकथित आत्महत्या के दावे पर सवाल उठाए। सच्चाई सामने लाने के लिए सीबीआई जांच की मांग की।
जुझारू और मजबूत इरादों के थे हेमेंद्र
बागेश्वर। एसडीएम रहे हेमेंद्र कांडपाल की संदिग्ध मौत पर आत्महत्या के दावे मूल गांव के संबंधियों को भी स्वीकार नहीं हैं। वह जुझारू और मजबूत इरादों के थे। संबंधियों का दावा है कि हेमेंद्र आत्महत्या नहीं कर सकते। जरूर उनकी हत्या की गई है। भतीजे जुगल का कहना है कि पारिवारिक समस्याओं के बावजूद वह घबराते नहीं थे।
उत्तर प्रदेश के प्रशासनिक अधिकारी हेमेंद्र कांडपाल बागेश्वर जिले की ग्राम सभा खोली के कांकड़ा तोक के मूल निवासी थे। उनके पिता एडी कांडपाल राज्य गठन से भी बरसों पहले बरेली के राजेंद्र नगर में बस गए थे। हालांकि साल दर साल पूजापाठ और पारिवारिक संबंधों के चलते उनके परिवार का यहां आनाजाना लगा रहा। पिछले दिनों उनके तैनाती स्थल पर उनकी मौत होने की खबर से क्षेत्र शोक में डूबा हुआ है। उनके भतीजे जुगल कांडपाल ने बताया कि चाचा के पास आत्महत्या के लिए कोई ठोस वजह नहीं थी। अभी तक कोई सुसाइड नोट भी नहीं मिला है। उन्होंने पुलिस प्रशासन के प्रथम दृष्टया तथाकथित आत्महत्या के दावे पर सवाल उठाए। सच्चाई सामने लाने के लिए सीबीआई जांच की मांग की।
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जुझारू और मजबूत इरादों के थे हेमेंद्र
बागेश्वर। एसडीएम रहे हेमेंद्र कांडपाल की संदिग्ध मौत पर आत्महत्या के दावे मूल गांव के संबंधियों को भी स्वीकार नहीं हैं। वह जुझारू और मजबूत इरादों के थे। संबंधियों का दावा है कि हेमेंद्र आत्महत्या नहीं कर सकते। जरूर उनकी हत्या की गई है। भतीजे जुगल का कहना है कि पारिवारिक समस्याओं के बावजूद वह घबराते नहीं थे।
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