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उपनल कर्मियों ने लिया 12 मार्च से बेमियादी हड़ताल में जाने का फैसला
Updated Sun, 25 Feb 2018 11:56 PM IST
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बागेश्वर। उपनल कर्मचारी संगठन की बैठक में उपनल कर्मियों की मांगों को लेकर 12 मार्च से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने का फैसला लिया गया।
बैठक में संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि प्रदेश सरकार उपनल कर्मियों का नियमितीकरण कर उनका न्यूनतम वेतन 21 हजार करने, आपदा से हटाए गए उपनल कर्मियों की बहाली समेत कई मांगों की उपेक्षा कर रही है। इन मांगों को लेकर उपनल कर्मियों ने आठ और नौ जनवरी को कार्य बहिष्कार किया था। तब प्रदेश सरकार की ओर से उन्हें एक माह का समय दिया गया था। लेकिन अभी तक उनकी मांगों पर कोई कार्यवाही नहीं हो पाई है। तय किया गया कि सरकार की ओर से 11 मार्च तक उनकी मांगों पर कोई कार्रवाई नहीं की गई तो 12 मार्च से उपनल कर्मचारी हड़ताल पर चले जाएंगे। इसके अलावा उपनल कर्मियों की ओर से त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव, लोक सभा चुनाव में अपने परिवार के साथ गांव-गांव में सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया जाएगा। वहां बसंत सिंह चौहान, हयात राम आर्य, मनोज लहुमी, दीपक आर्य, विनोद कुमार जोशी, मनोज कुमार टम्टा, निर्मला मेहता, स्वरूपा पाठक, सुधीर कुमार आदि थे।
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बैठक में संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि प्रदेश सरकार उपनल कर्मियों का नियमितीकरण कर उनका न्यूनतम वेतन 21 हजार करने, आपदा से हटाए गए उपनल कर्मियों की बहाली समेत कई मांगों की उपेक्षा कर रही है। इन मांगों को लेकर उपनल कर्मियों ने आठ और नौ जनवरी को कार्य बहिष्कार किया था। तब प्रदेश सरकार की ओर से उन्हें एक माह का समय दिया गया था। लेकिन अभी तक उनकी मांगों पर कोई कार्यवाही नहीं हो पाई है। तय किया गया कि सरकार की ओर से 11 मार्च तक उनकी मांगों पर कोई कार्रवाई नहीं की गई तो 12 मार्च से उपनल कर्मचारी हड़ताल पर चले जाएंगे। इसके अलावा उपनल कर्मियों की ओर से त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव, लोक सभा चुनाव में अपने परिवार के साथ गांव-गांव में सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया जाएगा। वहां बसंत सिंह चौहान, हयात राम आर्य, मनोज लहुमी, दीपक आर्य, विनोद कुमार जोशी, मनोज कुमार टम्टा, निर्मला मेहता, स्वरूपा पाठक, सुधीर कुमार आदि थे।