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वीपीकेएस के वीएल लाइट ट्रैप को पेटेंट प्रमाण पत्र मिला
अमर उजाला ब्यूरो अल्मोड़ा।
Updated Fri, 15 Dec 2017 10:32 PM IST
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वीएल लाइट ट्रैप।
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छह साल पहले भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद विवेकानंद पर्वतीय कृषि अनुसंधान संस्थान द्वारा विकसित किए गए वीएल लाइट ट्रैप को भारत सरकार के बौद्धिक संपदा कार्यालय से पेटेंट प्रमाण पत्र प्राप्त हो गया है। संस्थान द्वारा विकसित इस ट्रैप से पर्वतीय क्षेत्रों में कुरमुला नामक विध्वंसकारी कीट को आसानी से नियंत्रित किया जाता है।
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वीपीकेएस से मिली जानकारी के अनुसार ट्रैप को इस प्रकार से डिजाइन किया गया है कि वयस्क कुरमुला कीट इसमें आकर्षित होते हैं। इस लाइट ट्रैप में सीएफएल, फिन्स, फनल एवं एकत्रित करने वाला बर्तन बना होता है। इसमें लगे सीएफएल, फिन्स एवं फनल के बीच में जगह होती है जो लाभकारी कीट के निकलने में सहायक होता है जो कि इस लाइट ट्रैप की विशेषता है।
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यह लाइट ट्रैप विशेष रूप से कुरमुला नियंत्रण के लिए डिजाइन किया गया है और इसमें लाभकारी कीटों का आकर्षण न के बराबर होता है। वयस्क कुरमुला कीट शाम के समय आकर्षित होते हैं। लाइट ट्रैप को उचित स्थानों पर लगाकर कुरमुला नियंत्रण को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है। संस्थान एवं राज्य कृषि विभाग के प्रयास से उत्तराखंड में यह लाइट ट्रैप काफी प्रसिद्ध हो चुका है। एक फर्म के द्वारा इस लाइट ट्रैप का व्यावसायिक उत्पादन एवं विक्रय किया जा रहा है।
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