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सैंतीस साल बाद हो रही रामलीला
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, चौखुटिया (अल्मोड़ा)।
Updated Mon, 28 Dec 2015 11:27 PM IST
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भैल्टगांव के जोगिडेश्वर में दिन में हो रही रामलीला के दसवें दिन लक्ष्मण शक्ति, मेघनाथ और कुंभकरण वध आदि का मंचन हुआ। मेघनाथ चंदन नेगी, कुंभकरण महेश वैला, राम कैलाश गैरौला, लक्ष्मण हेमंत मेहता, विभीषण मनोज, सुसैन वैद्य मोहन रावत, कुुुंभकरण महेश वैला, हनुमान गिरीश चंद्र बने थे।
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इससे पूर्व रामलीला कमेटी की ओर से सभी अतिथियों का स्वागत किया गया। संचालन पूर्व जिला पंचायत सदस्य गणेश नायक ने किया। वहां स्वामी नागेश्वर महाराज, जमन मनराल, गिरीश चंद्र, नरेद्र पांडे, चंदन नेगी, अंबादत्त, कृपाल सिंह, कुबेर भंडारी, जगत मनराल व तारादत्त भंडारी आदि मौजूद थे।
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जोगिडेश्वर में सैंतीस सालों के बाद रामलीला का आयोजन हुआ है। लोग बताते हैं कि 1977 में बहादुर सिंह मनराल के इसी खेत में रात की रामलीला का आयोजन हुआ था। उस समय शंभू गिरि महाराज और जमुना गिरि महाराज के संयोजन में रामलीला का आयोजन हुआ था। जबकि इस बार नागेश्वर महाराज के सानिध्य में रामलीला हो रही है।
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रामलीला का आयोजन दिन में होने से बुजुर्ग महिलाएं और बच्चे भी दूर-दूर से रामलीला का आनंद लेने पहुंच रहे हैं। गांव के बजुर्ग धनसिंह बताते हैं कि सैंतीस साल पूर्व हुई रामलीला का आयोजन रात में पेट्रोमैक्स के उजाले में होता था। माहौल बहुत अच्छा था, आपसी मेल मिलाप था। सभी लोग श्रद्धा भाव से रामलीला देखने आते थे।
रामलीला इस बार दिन में होने से भी माहौल अच्छा है। लोग गुनगुनी धूप में बैठकर रामलीला का आनंद ले रहे हैं। आयोजन में भैल्टगांव के प्रधान गिरीश चंद्र, कौधार के प्रधान मोहन सिंह, बोहरागांव के प्रधान चंदन सिंह, डांग के प्रधान अंबादत्त, बीडीसी सदस्य दीपा मनराल व जिला पंचायत सदस्या विमला नायक के अलावा जमन सिंह मनराल, नरेंद्र पांडे, गणेश नायक, कुबेर भंडारी, तारादत्त भंडारी सहित तमाम लोग सहयोग कर रहे हैं।