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सफाई कर्मचारी तीसरे दिन भी धरने पर बैठे, नारे लगाए
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अल्मोड़ा। सफाई कार्य में ठेका प्रथा समाप्त करने समेत बारह सूत्रीय मांग को लेकर देवभूमि उत्तराखंड सफाई कर्मचारी संघ के आह्वान पर सफाई कर्मियों ने तीसरे दिन भी पालिका कार्यालय परिसर में धरना दिया। उन्होंने शासन के खिलाफ नारेबाजी की। मांगों को लेकर जिला प्रशासन के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भी भेजा।
धरना स्थल पर हुई सभा में वक्ताओं ने निकायों और राजकीय विभागों में सफाई कार्य में ठेका प्रणाली समाप्त करने, संविदा, आउट सोर्सिंग और दैनिक वेतन पर तैनात कार्मिकों को नियमित करने, सफाई कर्मचारियों को पूर्व की तरह सफाई निरीक्षक, कनिष्ठ लिपिक, पर्यावरण प्रेक्षक, चालक के पदों पर प्रोन्नति देने, निकायों के सेवानिवृत्त कार्मिकों के लंबित पेंशन और ग्रेच्युटी करने की मांग उठाई। कहा कि कर्मचारियों को आवंटित आवासों और पालिका की जमीन मे बने मकानों में उन्हें मालिकाना हक मिलना चाहिए।
उन्होंने रोस्टर के तहत नई भर्ती प्रक्रिया में अनुसूचित पद को पहले स्थान से छठे स्थान पर करने संबंधी सरकार के फैसले की निंदा की। पूर्व विधायक मनोज तिवारी ने कर्मचारियों की मांगों को जायज बताते हुए सरकार से समाधान करने की मांग की। धरने में प्रदेश महामंत्री राजपाल पवार, शाखाध्यक्ष सुरेश केशरी, राजेश टांक, दीपक चंदेल, सतीश, दीपक शैलानी, रामेंद्र पवार, राजेश आदि शामिल हैं।
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धरना स्थल पर हुई सभा में वक्ताओं ने निकायों और राजकीय विभागों में सफाई कार्य में ठेका प्रणाली समाप्त करने, संविदा, आउट सोर्सिंग और दैनिक वेतन पर तैनात कार्मिकों को नियमित करने, सफाई कर्मचारियों को पूर्व की तरह सफाई निरीक्षक, कनिष्ठ लिपिक, पर्यावरण प्रेक्षक, चालक के पदों पर प्रोन्नति देने, निकायों के सेवानिवृत्त कार्मिकों के लंबित पेंशन और ग्रेच्युटी करने की मांग उठाई। कहा कि कर्मचारियों को आवंटित आवासों और पालिका की जमीन मे बने मकानों में उन्हें मालिकाना हक मिलना चाहिए।
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उन्होंने रोस्टर के तहत नई भर्ती प्रक्रिया में अनुसूचित पद को पहले स्थान से छठे स्थान पर करने संबंधी सरकार के फैसले की निंदा की। पूर्व विधायक मनोज तिवारी ने कर्मचारियों की मांगों को जायज बताते हुए सरकार से समाधान करने की मांग की। धरने में प्रदेश महामंत्री राजपाल पवार, शाखाध्यक्ष सुरेश केशरी, राजेश टांक, दीपक चंदेल, सतीश, दीपक शैलानी, रामेंद्र पवार, राजेश आदि शामिल हैं।
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