{"_id":"6aa66719110985e41804e29a","slug":"out-of-control-dumper-falls-into-gorge-on-mohan-ranikhet-highway-driver-dies-2026-09-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"सड़क दुर्घटना: मोहान-रानीखेत हाईवे पर अनियंत्रित डंपर खाई में गिरा, चालक की मौत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सड़क दुर्घटना: मोहान-रानीखेत हाईवे पर अनियंत्रित डंपर खाई में गिरा, चालक की मौत
Sun, 13 Sep 2026 02:34 PM IST
गायत्री जोशी
संवाद न्यूज एजेंसी, अल्मोड़ा
संवाद न्यूज एजेंसी, अल्मोड़ा
Published by: गायत्री जोशी
Updated Sun, 13 Sep 2026 02:34 PM IST
सार
मोहान-रानीखेत स्टेट हाईवे पर शनिवार रात डंपर खाई में गिरने से चालक की मौत हो गई। रविवार सुबह पुलिस ने रेस्क्यू कर डंपर और पेड़ के बीच दबे चालक का शव बाहर निकाला। हादसे के बाद मार्ग की संकरी और जर्जर स्थिति को लेकर भी सवाल उठे हैं।
विज्ञापन
खाई में गिरा डंपर।
- फोटो : संवाद
विस्तार
अल्मोड़ा जिले के मोहान-रानीखेत स्टेट हाईवे पर कुमेरिया और सौराल के बीच रविवार को सड़क हादसा हो गया। निर्माण सामग्री और टाइल्स लेकर भिकियासैंण की ओर जा रहा डंपर अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे खाई में जा गिरा। हादसे में डंपर चालक वाहन और पेड़ के बीच बुरी तरह दब गया, जिससे उसकी मौत हो गई।
विज्ञापन
हादसे की सूचना रविवार सुबह पुलिस को मिली। थानाध्यक्ष भतरौजखान अवनीश कुमार पुलिस टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और रेस्क्यू अभियान शुरू कराया। चालक को बाहर निकालने के लिए कटर मंगवाया गया। कड़ी मशक्कत के बाद पुलिस ने चालक का शव बरामद किया।
विज्ञापन
मृतक की पहचान 36 वर्षीय जसवंत सिंह पुत्र गोपाल सिंह, निवासी गजार, तहसील चौखुटिया के रूप में हुई है। शव को पोस्टमार्टम के लिए रानीखेत भेज दिया गया है। रेस्क्यू टीम में आनंद त्रिपाठी समेत अन्य पुलिसकर्मी मौजूद रहे।
विज्ञापन
थानाध्यक्ष अवनीश कुमार ने बताया कि डंपर का नंबर यूके19 सीए6420 है। जीपीएस लोकेशन ट्रैक करने पर पता चला कि हादसा शनिवार रात करीब साढ़े नौ बजे हुआ था। डंपर निर्माण सामग्री और टाइल्स लेकर भिकियासैंण की ओर जा रहा था। हादसे के कारणों की जांच की जा रही है।
संकरी और जर्जर सड़क पर फिर उठे सवाल
हादसे के बाद एक बार फिर मोहान-रानीखेत स्टेट हाईवे की बदहाल स्थिति और सड़क चौड़ीकरण का मुद्दा सामने आया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि मार्ग कई स्थानों पर बेहद संकरा है और जगह-जगह गड्ढों के कारण जर्जर हालत में है। संकरी सड़क पर बड़े वाहनों की आवाजाही के दौरान दुर्घटना का खतरा बना रहता है।
स्थानीय लोग लंबे समय से मार्ग के चौड़ीकरण और सुधारीकरण की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि सड़क को सुरक्षित बनाने के लिए केवल घोषणाओं और आश्वासनों से काम नहीं चलेगा, बल्कि धरातल पर ठोस कार्रवाई जरूरी है। इस हादसे ने एक बार फिर मार्ग की सुरक्षा और चौड़ीकरण को लेकर जिम्मेदार विभागों के सामने सवाल खड़े कर दिए हैं।