{"_id":"5c606898bdec224bc54aa4a0","slug":"mining-mafia-ran-out-of-administration-team","type":"story","status":"publish","title_hn":"प्रशासन की टीम को देखते ही खनन माफिया भागे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्रशासन की टीम को देखते ही खनन माफिया भागे
Sun, 10 Feb 2019 11:38 PM IST
बृजमोहन बृजमोहन
almora
almora
Published by: बृजमोहन बृजमोहन
Updated Sun, 10 Feb 2019 11:38 PM IST
विज्ञापन
अवैध खनन की जांच को पहुंची प्रशासन और वन विभाग की टीम।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सल्ट विकासखंड के अंतर्गत मरचूला स्थित रामगंगा नदी में लंबे समय से अवैध खनन चल रहा है। तहसील प्रशासन को इस संबंध में लगातार शिकायत मिल रही थी। रविवार को प्रशासन और कार्बेट कालागढ़ टाईगर रिजर्व मंदाल रेंज की टीम खनन स्थल पहुंची तो खनन माफिया वहां से भाग गए। मौके पर खनन किए गए रेत के ढेर मिले।
विज्ञापन
सल्ट के मरचूला स्थित कार्बेट कालागढ़ टाईगर रिजर्व मंदाल रेंज और अल्मोड़ा वन प्रभाग के जौरासी रेंज पड़ता है। दोनों रेजों की सीमा के बीच काफी लंबे समय से अवैध खनन चल रहा है। यह स्थिति तब है जबकि पास में ही पुलिस चौकी, पटवारी चौकी और वन चौकी है। जिला पंचायत सदस्य नारायण सिंह रावत ने इसकी शिकायत उप जिलाधिकारी से की थी। शिकायत के बाद तहसील प्रशासन और कार्बेट कालागढ़ टाइगर रिजर्व के कर्मचारियों की टीम रामगंगा नदी किनारे किए जा रहे खनन स्थल पर पहुंची।
विज्ञापन
टीम को देखते ही खनन माफिया वहां से भाग गए। प्रशासन की टीम ने खनन माफिया द्वारा नदी किनारे और मरचूला-भिकियासैंण मोटर मार्ग पर बन्द्राण में लगाए गए रेत के ढेरों को समतल कर दिया। टीम में वन दरोगा भूपेंद्र चौहान, वन आरक्षी गोविंद सिंह चौहान, शंभू सिंह, राजस्व उप निरीक्षक कौशल सिंह चौहान, भरत पाल, पूरन सिंह, संतन सिंह, नवीन भदौला आदि शामिल थे। इधर जिला पंचायत सदस्य नारायण सिंह रावत ने आरोप लगाया कि तहसील प्रशासन ने खाना पूर्ति के लिए छापा मारा है। उन्होंने खनन माफिया के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है।
विज्ञापन