Almora News: गांव से एक किमी दूर खाई में मिला युवक का अधखाया शव, थम नहीं रही क्षेत्र में तेंदुए की दहशत
नौगांव ग्राम सभा के फयाटनौला निवासी युवक जगदीश चंद्र असनोड़ा पिछले कुछ माह से अकेला रह रहा था। देर शाम वह घर से करीब दो किमी दूर बाजार से सामान खरीदकर घर लौट रहा था। इस बीच बारिश भी हो रही थी। शाम करीब सात बजे घात लगाए बैठे तेंदुए ने उस पर जानलेवा हमला कर दिया।
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क्षेत्र में तेंदुए की दहशत थमने का नाम नहीं ले रही है। तेंदुए ने एक बार फिर चमड़खान क्षेत्र के नौगांव ग्राम सभा अंतर्गत फयाटनौला में एक युवक को निवाला बना लिया। युवक का अधखाया शव गांव से एक किमी दूर सूूखे नौले की खाई में बरामद हुआ।
वन विभाग की टीम ने भारी बारिश के बीच बमुश्किल शव को बाहर निकाल पोस्टमार्टम के लिए रानीखेत अस्पताल भेजा है। घटना से पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों ने तत्काल क्षेत्र में पिंजरा लगाने की मांग की है। नौगांव ग्राम सभा के फयाटनौला निवासी युवक जगदीश चंद्र असनोड़ा पुत्र स्व. विशन दत्त असनौड़ा गांव में पिछले कुछ माह से अकेला रह रहा था।
सोमवार की देर शाम वह घर से करीब दो किमी दूर बाजार से सामान खरीदकर घर लौट रहा था। इस बीच बारिश भी हो रही थी। शाम करीब सात बजे घात लगाए बैठे तेंदुए ने उस पर जान लेवा हमला कर दिया। मंगलवार की सुबह प्राथमिक विद्यालय कनोलीखाल के बच्चे और शिक्षक जब स्कूल आ रहे थे तो उन्होंने रास्ते में खून के धब्बे देखे। उन्होंने इसकी सूचना तत्काल गांव में दी।
खाई में मिला अधखाया एक शव
इसके बाद ग्रामीणों ने खोजबीन शुरू कर दी। इस दौरान कहीं चप्पल मिले तो कहीं कपड़े। काफी ढूंढखोज के बाद ग्रामीण सूखे नौले के पास पहुंचे तो वहां खाई में अधखाया एक शव मिला। पड़ताल के बाद पता चला कि शव जगदीश का है। इसके बाद ग्रामीणों ने सूचना वन विभाग को दी। सुबह करीब साढ़े 10 बजे वन विभाग की टीम और राजस्व पुलिस मौके पर पहुंची। बारिश के कारण रेस्क्यू अभियान में कई बार बाधा भी पहुंची। देर शाम शव को पोस्टमार्टम के लिए रानीखेत राजकीय अस्पताल लाया गया।
जगदीश को एक किमी दूर तक घसीट ले गया तेंदुआ
बताया जा रहा है कि तेंदुआ क्षेत्र में पिछले कुछ समय से सक्रिय था और कई ग्रामीण तेंदुए को देख चुके थे। अब तक वह कई मवेशियों को निवाला बना चुका है। ग्रामीणों के अनुसार जगदीश जब देर शाम सामान लेकर घर लौट रहा था तो जिस स्थान पर तेंदुए ने उस पर हमला बोला वह उसे घसीटकर एक किमी दूर कनोलीखाल तक ले गया। इसके बाद उसे मारकर आधा शव खाकर झाड़ी में छोड़ गया। इधर ग्रामीणों ने वन विभाग से क्षेत्र में पिंजरा लगाने की मांग की है।
तेंदुए को पकड़ने के लिए क्षेत्र में लगाया गया पिंजरा
शरीर को पिछले हिस्से से खाया गया है। प्रथम दृष्टया तेंदुए के हमले से मौत होने की आशंका है। हालांकि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद असली कारणों का पता चल सकेगा। शव गहरी खाई के अंदर झाड़ियों में फंसा था। तेंदुए को पकड़ने के लिए क्षेत्र में पिंजरा ले जाया गया है। प्रभागीय वनाधिकारी को सूचना दे दी गई है। तथ्यों के आधार पर देर रात तक तेंदुए को आदमखोर घोषित कर वहां पिंजरा लगाने की अनुमति शायद मिल जाएगी। मृतक के आश्रितों को मुआवजा देने की कार्रवाई भी की जाएगी। - तापस मिश्रा, वन क्षेत्राधिकारी, रानीखेत।
लॉकडाउन में घर आया और क्षेत्र में ही छोटी मोटी नौकरी कर रहा था जगदीश
रानीखेत (अल्मोड़ा) के फयाटनौला गांव में युवक जगदीश को तेंदुए द्वारा निवाला बनाए जाने के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल है। लोगों का कहना है कि पूरे क्षेत्र में तेंदुए सक्रिय हैं। अब कई घटनाएं हो चुकी हैं लेकिन तेंदुए के आतंक पर रोक नहीं लग पा रही है। बता दें कि मृतक जगदीश दिल्ली में काम करते था। लॉकडाउन के दौरान वह घर आया और इसके बाद यहां छोटी-मोटी नौकरी करने लगा। ग्रामीणों ने बताया कि जगदीश पड़ा लिखा था। बेरोजगारी के चलते वह इधर-उधर काम करने लगा।
मृतक के जीजा यहां नैनवाल पाली निवासी कमल नैनवाल ने बताया कि जगदीश के दो बड़े भाई और माता दिल्ली में रहती हैं उन्हें सूचना दे दी गई है। पिता का कई साल पहले निधन हो गया है। इन दिनों वह तुराचौरा में एक बिस्कुट फैक्टरी में कार्य कर रहा था लेकिन कुछ दिन पूर्व उसने काम छोड़ दिया था। सोमवार की देर शाम को वह क्षेत्र के बाजार से सामान खरीदकर घर लौट रहा था कि तेंदुए के हमले का शिकार हो गया। क्षेत्र पंचायत सदस्य बीडीसी सदस्य गणेश राम आर्य ने घटना पर दुख जताया है। उन्होंने कहा कि इस मामले की सूचना विधायक सहित अन्य अधिकारियों को दे दी गई है। परिजनों को उचित मुआवजा देने की मांग भी उन्होंने शासन प्रशासन से की है।
क्षेत्र में तेंदुए की काफी दहशत है। कई बार विभाग को सूचना दी गई लेकिन सार्थक कार्रवाई आज तक नहीं हो सकी है। पूर्व में भी चमड़खान क्षेत्र में तेंदुए ने एक व्यक्ति को मार डाला था। इसके बाद से तेंदुआ लगातार सक्रिय है, वह आदमखोर हो चुका है। विभाग को पिंजरा लगाकर तेंदुए को पकड़ना चाहिए। क्षेत्र में भारी दहशत का माहौल बना हुआ है। यही स्थिति रही तो वह कई लोगों पर हमला कर सकता है। - मोहन सिंह बिष्ट, बीडीसी सदस्य ताड़ीखेत ब्लाॅक।
रानीखेत तहसील में तीन लोगों को मौत के घाट उतार चुका है तेंदुआ
रानीखेत तहसील में तेंदुए का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है जिस कारण जंगली जानवर और मानव संघर्ष की घटनाएं भी लगातार बढ़ रही हैं। नगर क्षेत्र में भी तेंदुए अब सक्रिय होने लगे हैं। चमड़खान क्षेत्र में युवक की मौत सहित कुल क्षेत्र में अब तक तेंदुए के हमले में तीन लोगों की मौत हो चुकी है जबकि कई मवेशियों को तेंदुआ निवाला बना चुका है। सात मार्च 2021 को तहसील के चमड़खान क्षेत्र के ग्राम रैलीटाना में तेंदुए ने देर शाम बाजार से घर लौट रहे 60 वर्षीय वृद्ध को घर के पास ही निवाला बना डाला।
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आदमखोर घोषित हुए तेंदुए को शिकारियों ने बाद में ढेर कर दिया था। 2022 अक्तूबर को ग्राम सिंगोली में गुलदार ने पूर्व सैनिक तथा 21 अक्तूबर को ग्राम बिल्लेख में गुलदार ने घर के पास ही आंगनबाड़ी कार्यकत्री पर हमला कर दिया था। खनिया, झलोड़ी, जैना, बेतालघाट सहित कई स्थानों पर तेंदुए ने कई मवेशियों को निवाला बना लिया। पिछले साल दैना गांव में तेंदुए ने 65 वर्षीय बुजुर्ग को निवाला बना लिया था। इसके बाद शिकारियों ने वहां डेरा जमाया और बाद में आदमखोर को ढेर कर दिया था।