Almora: क्वारब के बोल्डरों से अल्मोड़ा के कारोबार को चोट, एनएच पर हो रहा भूस्खलन; कम हुई पर्यटकों की संख्या
अल्मोड़ा-हल्द्वानी एनएच-109 पर क्वारब में लगातार हो रहे भूस्खलन और गाड़ियों के फंसने से अल्मोड़ा जिले में पर्यटन कारोबार पूरी तरह चौपट हो गया है। कसारदेवी, अल्मोड़ा, जागेश्वर सहित कई अन्य पर्यटक स्थलों पर होटल और होमस्टे खाली हो गए हैं।
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तीन जिलों की लाइफलाइन अल्मोड़ा-हल्द्वानी एनएच-109 पर क्वारब में लगातार हो रहे भूस्खलन और गाड़ियों के फंसने से अल्मोड़ा जिले में पर्यटन कारोबार पूरी तरह चौपट हो गया है। कसारदेवी, अल्मोड़ा, जागेश्वर सहित कई अन्य पर्यटक स्थलों पर होटल और होमस्टे खाली हो गए हैं। होटल कारोबारियों ने कहा कि एक सप्ताह में होटल व्यवसाय में 60 प्रतिशत तक की गिरावट आई है। उनके मुताबिक इस दौरान पर्यटन, होटल, रेस्टोरेंट, टैक्सी, ट्रांसपोर्ट और बाजार को पांच करोड़ रुपये से अधिक की चोट पहुंची है।
पुलिस प्रशासन ने बारिश के बीच क्वारब में कीचड़ में गाड़ियों के फंसने से प्रभावित हो रहे यातायात को देखते हुए भारी वाहनों के आवागमन पर रोक लगाई है। क्वारब में 150 मीटर ऊंचे हिस्से से लगातार भूस्खलन हो रहा है। इससे यहां से गुजरने वाले वाहनों के लिए आवाजाही खतरे से खाली नहीं है।
यही कारण है कि अल्मोड़ा, बागेश्वर या पिथौरागढ़ घूमने आने वाले पर्यटकों और अन्य लोगों की संख्या में काफी कमी आई है। इसका सबसे ज्यादा प्रभाव होटल व्यवसाय पर पड़ा है। गर्मियों में पर्यटकों से भरे रहने वाले होटल इस बार खाली हैं।
अल्मोड़ा नगर में 40 से अधिक होटल हैं। एक सप्ताह में इन होटल व्यवसायियों को 1.5 करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान हुआ है। होटल व्यवसायियों का कहना है कि क्वारब में लगातार हो रहे भूस्खलन के कारण बंगाल, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा सहित कई अन्य प्रदेशों से आने वाले पर्यटकों की संख्या में गिरावट दर्ज की गई है जिसका असर कारोबार पर पड़ रहा है।
गुलजार रहने वाले रेस्टोरेंटों में पसरा रहा सन्नाटा
अल्मोड़ा नगर में एक सप्ताह पहले तक देर रात रेस्टोरेंटों में खाने वाले लोगों की भीड़ लगी रहती थी। एक सप्ताह से इनमें सन्नाटा पसरा हुआ है। ग्राहक नहीं आने से संचालक अपने रेस्टोरेंटों को जल्द बंद कर घरों को चले जा र
संवाद
डर की वजह से कम लोग कर रहे हैं यात्रा
क्वारब से छोटे वाहनों की आवाजाही पर रोक नहीं है लेकिन पहाड़ी से गिर रहे बोल्डरों के कारण लोग यात्रा करने से बच रहे हैं। वे जरूरी होने या आपात स्थिति में ही यात्रा कर रहे हैं। टैक्सी चालकों का कहना है कि क्वारब के पास बोल्डर और मलबा आने से कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए हैं। आवाजाही के दौरान हमेशा डर बना रहता है।
जिले में किस वर्ष कितने पर्यटक आए
2023-13538
2024-26036
2025-22306 (अब तक)
बोले व्यापारी
क्वारब मार्ग से पर्यटक और आम लोग लगातार डर के साए में यात्रा कर रहे हैं। मार्ग पर एक साल से मलबा और पत्थर वैसे के वैसे ही हैं। इससे सबसे ज्यादा असर पर्यटन, ट्रांसपोर्ट और व्यापार पर पड़ रहा है। - सुशील शाह, अध्यक्ष प्रांतीय उद्योग व्यापार मंडल
क्वारब के कारण पर्यटकों में डर बना हुआ है। इस कारण पर्यटकों की संख्या अचानक कम हो गई है। वर्तमान में होटल व्यापार 70 प्रतिशत कम हो गया है। क्वारब में भूस्खलन की समस्या खतरनाक बनती जा रही है। क्वारब भूस्खलन के चलते अल्मोड़ा के कारोबारियों को पांच करोड़ से अधिक का नुकसान हुआ है। - अरुण वर्मा, अध्यक्ष होटल एसोसिएशन अल्मोड़ा
क्वारब में आवाजाही के दौरान हर समय डर बना रहता है। बिना बारिश के पहाड़ी से मलबा और बोल्डर गिरना आम बात हो गई है। जिला प्रशासन को इस समस्या का समय रहते समाधान करना चाहिए। भूस्खलन और गाड़ियों के फंसने की घटनाओं के बाद टैक्सी व्यवसाय 50 प्रतिशत प्रभावित हो गया है। -नरेंद्र सिंह, टैक्सी संचालक अल्मोड़ा
क्वारब मार्ग के बदहाल होने से मालवाहक वाहन इस मार्ग से नहीं आ रहे हैं। इससे 50 रुपये प्रति क्विंटल अतिरिक्त भाड़ा चुकाना पड़ रहा है। इस कारण व्यापारियों के साथ ही उपभोक्ताओं को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। - रामप्रकाश निरंकारी, व्यापारी, चौक बाजार अल्मोड़ा
क्वारब के पास सुरक्षात्मक कार्य जरूरी हैं क्योंकि लोगों के दिलों में डर बैठ गया है। पर्यटक और लोगों की संख्या कम होने से रेस्टोरेंट व्यवसाय 30 प्रतिशत प्रभावित हुआ है। अल्मोड़ा में प्रत्येक वर्ष बड़ी संख्या में पर्यटक घूमने आते हैं। सड़क और अन्य व्यवस्थाओं का ठीक होना आवश्यक है। - हरविंदर सिंह सेठी , रेस्टोरेंट संचालक माल रोड