{"_id":"60fb10758ebc3e58132cdb5f","slug":"drinking-water-scarcity-since-four-days-in-forty-villages-of-lamgada-block-almora-news-hld432173430","type":"story","status":"publish","title_hn":"लमगड़ा ब्लाक के चालीस गांवों में चार दिन से पेयजल आपूर्ति ठप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
लमगड़ा ब्लाक के चालीस गांवों में चार दिन से पेयजल आपूर्ति ठप
विज्ञापन
अल्मोड़ा। लमगड़ा विकासखंड में कपिलेश्वर पंपिंग योजना से पिछले चार दिनों से पानी की आपूर्ति ठप पड़ी है। इस कारण चालीस गांवों की पंद्रह हजार से अधिक आबादी को पेयजल संकट से जूझना पड़ रहा है। ग्रामीण दूर दराज स्थित जल स्रोतों से पानी लाकर गुजारा कर रहे हैं।
लमगड़ा विकासखंड में कपिलेश्वर पेयजल योजना से क्षेत्र के चालीस गांवों का पानी की सप्लाई होती है। बारिश होने से कपिलेश्वर नदी का पानी काफी गंदा हो गया था। इस कारण जल संस्थान पानी सप्लाई नहीं कर सका। इससे पलना, सत्यों, असोटा, सिलखोड़ा, रालाकोट, रतखान, गंगापानी, कलसीमा, चौमू, सैलसीमा, उरेगी, सिमल्टी, मेरधूरा, ऐंचोली, जलना समेत चालीस गांवों की पंद्रह हजार आबादी को पानी नहीं मिल पा रहा है। इस योजना योजना से जलना टैंक को पानी आपूर्ति करने वाली पेयजल लाइन भी भूस्खलन से क्षतिग्रस्त हो गई है। कांग्रेस के ब्लाक अध्यक्ष दीवान सतवाल ने जल संस्थान से शीघ्र पेयजल आपूर्ति सुचारु करने की मांग उठाई है।
जल संस्थान के अवर अभियंता पवन जोशी ने बताया कि बारिश से कपिलेश्वर नदी का पानी गंदा होने के कारण तीन दिन पानी सप्लाई नहीं हो सका था। शुक्रवार को पंप हाउस में लो-वोल्टेज की समस्या बनी हुई है। इसको लेकर ऊर्जा निगम को अवगत करा दिया गया है। वोल्टेज सुचारु होने पर पानी की पंपिंग शुरू कर दी जाएगी, जबकि जलना टैंक को आपूर्ति करने वाली क्षतिग्रस्त पाइप लाइन को दुरुस्त किया जा रहा है। इधर अल्मोड़ा नगर के कई इलाकों में भी पेयजल किल्लत बनी हुई है। समय पर पानी की सप्लाई नहीं होने से लोगों को परेशानी हो रही है। वहीं कई मोहल्लों में पानी काफी कम समय के लिए खुल रहा है। इससे लोगों को पेयजल संकट से जूझना पड़ रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
लमगड़ा विकासखंड में कपिलेश्वर पेयजल योजना से क्षेत्र के चालीस गांवों का पानी की सप्लाई होती है। बारिश होने से कपिलेश्वर नदी का पानी काफी गंदा हो गया था। इस कारण जल संस्थान पानी सप्लाई नहीं कर सका। इससे पलना, सत्यों, असोटा, सिलखोड़ा, रालाकोट, रतखान, गंगापानी, कलसीमा, चौमू, सैलसीमा, उरेगी, सिमल्टी, मेरधूरा, ऐंचोली, जलना समेत चालीस गांवों की पंद्रह हजार आबादी को पानी नहीं मिल पा रहा है। इस योजना योजना से जलना टैंक को पानी आपूर्ति करने वाली पेयजल लाइन भी भूस्खलन से क्षतिग्रस्त हो गई है। कांग्रेस के ब्लाक अध्यक्ष दीवान सतवाल ने जल संस्थान से शीघ्र पेयजल आपूर्ति सुचारु करने की मांग उठाई है।
विज्ञापन
जल संस्थान के अवर अभियंता पवन जोशी ने बताया कि बारिश से कपिलेश्वर नदी का पानी गंदा होने के कारण तीन दिन पानी सप्लाई नहीं हो सका था। शुक्रवार को पंप हाउस में लो-वोल्टेज की समस्या बनी हुई है। इसको लेकर ऊर्जा निगम को अवगत करा दिया गया है। वोल्टेज सुचारु होने पर पानी की पंपिंग शुरू कर दी जाएगी, जबकि जलना टैंक को आपूर्ति करने वाली क्षतिग्रस्त पाइप लाइन को दुरुस्त किया जा रहा है। इधर अल्मोड़ा नगर के कई इलाकों में भी पेयजल किल्लत बनी हुई है। समय पर पानी की सप्लाई नहीं होने से लोगों को परेशानी हो रही है। वहीं कई मोहल्लों में पानी काफी कम समय के लिए खुल रहा है। इससे लोगों को पेयजल संकट से जूझना पड़ रहा है।
विज्ञापन