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गांजा तस्करी के दो आरोपियों का जमानत प्रार्थना पत्र खारिज
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अल्मोड़ा। विशेष सत्र न्यायाधीश प्रदीप पंत की अदालत ने गांजा तस्करी के दो आरोपियों धर्मेंद्र निवासी संग्रामपुर पो. खैर, जिला अलीगढ़ हाल निवासी चिपियाना बजरु पो. गौतमबुद्धनगर ग्रेटर नोयडा और दिगंबर निवासी गंगापुर पो. जट्टारी, जिला अलीगढ़ का जमानत प्रार्थना पत्र निरस्त कर दिया है।
सल्ट पुलिस झीपा तिराहे पर गत 12 अगस्त को वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इस दौरान सफेद रंग की स्विफ्ट डिजायर संख्या एचआर-55वी-5522 की तलाशी ली गई। कार में धर्मेंद्र और दिगंबर सवार थे। कार की डिग्गी से चार टाट के कट्टे बरामद हुए। पुलिस ने मौके पर चारों कट्टों का वजन किया। जिनसे कुल 32 किला 450 ग्राम गांजा बरामद हुआ।
पुलिस ने वाहन को कब्जे में लेकर बरामद गांजे को सील कर दिया। आरोपियों ने अपने अधिवक्ता के माध्यम ने न्यायालय में ऑनलाइन जमानत प्रार्थना प्रस्तुत किया। अभियोजन की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता पूरन सिंह कैड़ा ने न्यायालय में आरोपियों को जमानत पर रिहा करने का विरोध किया। उन्होंने बताया कि आरोपियों को जमानत पर रिहा किया गया तो वह दोबारा ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति कर सकते हैं। आरोपियों को जमानत देने का कोई औचित्य नहीं है। न्यायालय ने पत्रावली में मौजूद साक्ष्य का परिशीलन किया और आरोपियों का जमानत प्रार्थना पत्र खारिज कर दिया।
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सल्ट पुलिस झीपा तिराहे पर गत 12 अगस्त को वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इस दौरान सफेद रंग की स्विफ्ट डिजायर संख्या एचआर-55वी-5522 की तलाशी ली गई। कार में धर्मेंद्र और दिगंबर सवार थे। कार की डिग्गी से चार टाट के कट्टे बरामद हुए। पुलिस ने मौके पर चारों कट्टों का वजन किया। जिनसे कुल 32 किला 450 ग्राम गांजा बरामद हुआ।
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पुलिस ने वाहन को कब्जे में लेकर बरामद गांजे को सील कर दिया। आरोपियों ने अपने अधिवक्ता के माध्यम ने न्यायालय में ऑनलाइन जमानत प्रार्थना प्रस्तुत किया। अभियोजन की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता पूरन सिंह कैड़ा ने न्यायालय में आरोपियों को जमानत पर रिहा करने का विरोध किया। उन्होंने बताया कि आरोपियों को जमानत पर रिहा किया गया तो वह दोबारा ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति कर सकते हैं। आरोपियों को जमानत देने का कोई औचित्य नहीं है। न्यायालय ने पत्रावली में मौजूद साक्ष्य का परिशीलन किया और आरोपियों का जमानत प्रार्थना पत्र खारिज कर दिया।
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