{"_id":"5f7c575b8ebc3e9b8337793c","slug":"a-fast-unto-death-began-in-eda-over-water-ranikhet-news-hld3994510116","type":"story","status":"publish","title_hn":"पानी को लेकर ईड़ा में ग्रामीणों का आमरण अनशन शुरू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पानी को लेकर ईड़ा में ग्रामीणों का आमरण अनशन शुरू
विज्ञापन
द्वाराहाट (अल्मोड़ा)। विधानसभा की सबसे बड़ी ग्राम पंचायत में पेयजल समस्या बरकार है। प्रशासन और जल संस्थान ने पूर्व में 15 दिनों में सार्थक कार्रवाई का आश्वासन देकर क्रमिक अनशन तुड़वाया था, इधर आक्रोशित क्षेत्रवासियों ने उपेक्षा का आरोप लगाते हुए आमरण अनशन शुरू कर दिया है।
बता दें कि ईड़ा में पिछले ढाई माह से पेयजल संकट बना हुआ है। इसीलिए ग्रामीणों ने तीन दिन तक क्रमिक अनशन भी किया था। क्षेत्रवासियों का कहना है कि अब समस्या का समाधान होने के बाद ही अनशन समाप्त किया जाएगा।
ईड़ा में गंभीर पेयजल समस्या को लेकर पूर्व में तीन दिन तक क्रमिक अनशन के चलते उपजिलाधिकारी और जल संस्थान के अधिकारियों ने आंदोलनकारियों से समझौता कर आंदोलन तो समाप्त करवाया, लेकिन समस्या का समाधान नहीं किया।
विज्ञापन
आला अधिकारियों के बीच हुए समझौते के अनुसार दो अक्तूबर तक पेयजल समस्या के समाधान का आश्वासन दिया गया था। लेकिन आज तक स्थिति ज्यों की त्यों बनी है। जिससे ग्रामवासियों का धैर्य जवाब दे गया और आमरण अनशन के साथ पुन: आंदोलन शुरू हो गया है। अनशन में 78 वर्षीय राजेंद्र सिंह और 40 वर्षीय पुष्कर सिंह बैठे हैं।
पूर्व में हुए समझौते के समय भी समयावधि में समस्या निदान न होने पर आमरण अनशन की चेतावनी दी गई थी। आमरण अनशन को समर्थन देने के लिए भारी संख्या में लोग पहुंचे हुए थे। यहां हेमंत बिष्ट, विपिन आर्या, तारा बिष्ट, दीपक बिष्ट सहित तमाम लोग मौजूद रहे।
विज्ञापन
बता दें कि ईड़ा में पिछले ढाई माह से पेयजल संकट बना हुआ है। इसीलिए ग्रामीणों ने तीन दिन तक क्रमिक अनशन भी किया था। क्षेत्रवासियों का कहना है कि अब समस्या का समाधान होने के बाद ही अनशन समाप्त किया जाएगा।
विज्ञापन
ईड़ा में गंभीर पेयजल समस्या को लेकर पूर्व में तीन दिन तक क्रमिक अनशन के चलते उपजिलाधिकारी और जल संस्थान के अधिकारियों ने आंदोलनकारियों से समझौता कर आंदोलन तो समाप्त करवाया, लेकिन समस्या का समाधान नहीं किया।
विज्ञापन
आला अधिकारियों के बीच हुए समझौते के अनुसार दो अक्तूबर तक पेयजल समस्या के समाधान का आश्वासन दिया गया था। लेकिन आज तक स्थिति ज्यों की त्यों बनी है। जिससे ग्रामवासियों का धैर्य जवाब दे गया और आमरण अनशन के साथ पुन: आंदोलन शुरू हो गया है। अनशन में 78 वर्षीय राजेंद्र सिंह और 40 वर्षीय पुष्कर सिंह बैठे हैं।
पूर्व में हुए समझौते के समय भी समयावधि में समस्या निदान न होने पर आमरण अनशन की चेतावनी दी गई थी। आमरण अनशन को समर्थन देने के लिए भारी संख्या में लोग पहुंचे हुए थे। यहां हेमंत बिष्ट, विपिन आर्या, तारा बिष्ट, दीपक बिष्ट सहित तमाम लोग मौजूद रहे।