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सुप्रीम कोर्ट का फैसला यथावत रखा जाए
Updated Thu, 05 Apr 2018 11:13 PM IST
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अल्मोड़ा। सवर्ण समाज के लोगों ने एससी-एसटी एक्ट में संशोधन पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले को यथावत रखने की मांग की है। सर्वण समाज के लोगों के शिष्टमंडल ने बृहस्पतिवार को जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन भेज कर आरक्षण आर्थिक आधार पर देने की मांग उठाई।
उन्होंने उच्चतम न्यायालय के फैसले का स्वागत करते हुए दस अप्रैल को आहूत भारत बंद को पूर्ण सर्मथन देने की बात कही। बताया कि इस संबंध में अग्रिम रणनीति तय करने के लिए सात अप्रैल को देवदार होटल में बैठक आयोजित होगी।
उन्होंने कहा कि एससी-एसटी एक्ट के विरोध में उपद्रव फैलाने और देवी-देवताओं की प्रतिमा को अपमानित करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए।
ज्ञापन देने वालों में मनोज सनवाल, मनीष जोशी, हर्ष कनवाल, विनीत बिष्ट, वैभव जोशी, वैभव पांडे, कमलेश कनवाल, ललित फत्र्याल, सुनील बिष्ट, आशीष पंत, हरीश कनवाल, गणेश बगड़वाल, हिमांशु बनौला, पंकज बिष्ट शामिल थे।
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उन्होंने उच्चतम न्यायालय के फैसले का स्वागत करते हुए दस अप्रैल को आहूत भारत बंद को पूर्ण सर्मथन देने की बात कही। बताया कि इस संबंध में अग्रिम रणनीति तय करने के लिए सात अप्रैल को देवदार होटल में बैठक आयोजित होगी।
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उन्होंने कहा कि एससी-एसटी एक्ट के विरोध में उपद्रव फैलाने और देवी-देवताओं की प्रतिमा को अपमानित करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए।
ज्ञापन देने वालों में मनोज सनवाल, मनीष जोशी, हर्ष कनवाल, विनीत बिष्ट, वैभव जोशी, वैभव पांडे, कमलेश कनवाल, ललित फत्र्याल, सुनील बिष्ट, आशीष पंत, हरीश कनवाल, गणेश बगड़वाल, हिमांशु बनौला, पंकज बिष्ट शामिल थे।
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