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अब मतदाताओं को वीवीपैट का प्रशिक्षण दिए जाने की तैयारी
Updated Tue, 04 Dec 2018 10:16 PM IST
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अल्मोड़ा। लोकसभा चुनावों को ध्यान में रखते हुए चुनाव आयोग के निर्देशानुसार जिले के प्रत्येक मतदान स्थल में मतदाताओं को वीवीपैट मशीन का प्रशिक्षण दिया जाएगा। अल्मोड़ा में वर्तमान में 1153 वीवीपैट मशीन उपलब्ध हैं जबकि मतदान स्थलों की संख्या 876 है। निर्वाचन कार्यालय ने कुछ और वीवीपैट की डिमांड की है। वीवीपैट मशीन का इस्तेमाल लोकसभा चुनावों में यहां पहली बार होगा।
जिले में 876 मतदेय स्थल और 839 मतदान केंद्र हैं। इनमें सुचारू रूप से मतदान शुरू करवाने के लिए 1521 बैलेट यूनिट, 1238 कंट्रोल यूनिट के अलावा 1153 वीवीपैट उपलब्ध हैं। जिसके बाद ईवीएम मशीन और वीवीपैट की प्रथम स्तरीय जांच भी की जा चुकी है। अब अगले चरण में इसी हफ्ते वीवीपैट मशीन के इस्तेमाल के लिए प्रशिक्षण दिया जाना है। जिसकी तैयारियां शुरू हो गई हैं।
सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी शंकर राम ने बताया कि प्रशिक्षण कार्यक्रम इसी हफ्ते शुरू होने की उम्मीद है। पहले चरण में जिला निर्वाचन अधिकारी, उप जिला निर्वाचन अधिकारी, सहायक निर्वाचन अधिकारी और प्रशासनिक अधिकारियों और नोडल आफिसरों को वीवीपैट का प्रशिक्षण दिया जाएगा। उसके बाद जिले के प्रत्येक बूथ में मतदाताओं को प्रशिक्षण देने का काम शुरू होगा। एक दिन में दो से तीन बूथों में प्रशिक्षण कार्यक्रम संपन्न होगा।
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मतदान स्थलों में प्रशिक्षण की तिथि चुनाव आयोग के निर्देश के बाद जल्द घोषित कर दी जाएगी। यह भी विदित हो कि अल्मोड़ा में पांच लाख 23 हजार 345 मतदाता हैं। जिनमें दो लाख 66 हजार 674 पुरुष और दो लाख 56 हजार 669 महिला मतदाता शामिल हैं। इसके अलावा दो ट्रांसजेंडर और 6280 सर्विस मतदाता हैं। वर्तमान में नए मतदाताओं के नाम जोड़ने, गलत नाम सही करने, नाम हटाने आदि का काम भी चल रहा है।
मालूम हो कि वीवीपैट स्वतंत्र प्रिंटर प्रणाली है जिसे ईवीएम से जोड़ा जाता है। मतदान के दौरान मतदाताओं को अपना मतदान बिल्कुल सही होने की पुष्टि करने में मदद करता है। इस दौरान मतदाता को एक पारदर्शी स्क्रीन के पीछे पर्ची सात सेकेंड तक दिखाई देती है जिसमें वह यह जान सकता है कि उसने मतदान सही किया या नहीं। बाद में पर्ची वीवीपैट के मुहरबंद डिब्बे में चली जाती है।
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जिले में 876 मतदेय स्थल और 839 मतदान केंद्र हैं। इनमें सुचारू रूप से मतदान शुरू करवाने के लिए 1521 बैलेट यूनिट, 1238 कंट्रोल यूनिट के अलावा 1153 वीवीपैट उपलब्ध हैं। जिसके बाद ईवीएम मशीन और वीवीपैट की प्रथम स्तरीय जांच भी की जा चुकी है। अब अगले चरण में इसी हफ्ते वीवीपैट मशीन के इस्तेमाल के लिए प्रशिक्षण दिया जाना है। जिसकी तैयारियां शुरू हो गई हैं।
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सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी शंकर राम ने बताया कि प्रशिक्षण कार्यक्रम इसी हफ्ते शुरू होने की उम्मीद है। पहले चरण में जिला निर्वाचन अधिकारी, उप जिला निर्वाचन अधिकारी, सहायक निर्वाचन अधिकारी और प्रशासनिक अधिकारियों और नोडल आफिसरों को वीवीपैट का प्रशिक्षण दिया जाएगा। उसके बाद जिले के प्रत्येक बूथ में मतदाताओं को प्रशिक्षण देने का काम शुरू होगा। एक दिन में दो से तीन बूथों में प्रशिक्षण कार्यक्रम संपन्न होगा।
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मतदान स्थलों में प्रशिक्षण की तिथि चुनाव आयोग के निर्देश के बाद जल्द घोषित कर दी जाएगी। यह भी विदित हो कि अल्मोड़ा में पांच लाख 23 हजार 345 मतदाता हैं। जिनमें दो लाख 66 हजार 674 पुरुष और दो लाख 56 हजार 669 महिला मतदाता शामिल हैं। इसके अलावा दो ट्रांसजेंडर और 6280 सर्विस मतदाता हैं। वर्तमान में नए मतदाताओं के नाम जोड़ने, गलत नाम सही करने, नाम हटाने आदि का काम भी चल रहा है।
मालूम हो कि वीवीपैट स्वतंत्र प्रिंटर प्रणाली है जिसे ईवीएम से जोड़ा जाता है। मतदान के दौरान मतदाताओं को अपना मतदान बिल्कुल सही होने की पुष्टि करने में मदद करता है। इस दौरान मतदाता को एक पारदर्शी स्क्रीन के पीछे पर्ची सात सेकेंड तक दिखाई देती है जिसमें वह यह जान सकता है कि उसने मतदान सही किया या नहीं। बाद में पर्ची वीवीपैट के मुहरबंद डिब्बे में चली जाती है।