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जिले में 250 हैंडपंप आ रहा गंदा पानी
Updated Sun, 29 Apr 2018 10:32 PM IST
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अल्मोड़ा। जिले में विभिन्न स्थानों में काफी लंबे समय से करीब 250 हैंडपंपों में से गंदा पानी निकलने की शिकायत आ रही थी। एक माह पहले जल संस्थान ने इस संबंध में प्रस्ताव बनाकर निदेशालय को भेजा था। विभाग ने ऐसे हैंडपपों में आयरन रिमूवल किट लगाने की मांग की थी, लेकिन जल संस्थान के इस प्रस्ताव को शासन से अभी तक स्वीकृति नहीं मिल सकी है।
वर्तमान में जिले में 1272 हैंडपंप हैं। जिनमें से अलग-अलग ब्लॉकों में स्थित करीब 250 हैंडपंपों में गंदा पानी आने की शिकायत लगातार आ रही थी। लोगों ने इस संबंध में जल संस्थान से भी शिकायत की थी। अधिकतर हैंडपंप जो पुराने हो गए हैं उनमें से जंग लगा रंगीन गंदा पानी बाहर आ रहा था। जिसके बाद जल संस्थान ने कार्ययोजना बनाकर गंदा पानी निकालने वाले ऐसे हैंडपंपों में आयरन रिमूवल किट लगाने का प्रस्ताव बनाकर निदेशालय को भेजा था। लेकिन इस योजना के लिए पैसा आना तो दूर निदेशालय से इस योजना को स्वीकृति भी नहीं मिली है। फिलहाल जल संस्थान लोगों से ऐसे हैंडपंपों का पानी पीने के लिए प्रयोग नहीं करने की सलाह दे रहा है।
जल संस्थान के अधिशासी अभियंता केएस खाती ने बताया कि एक माह पूर्व कार्ययोजना बनाकर भेजी थी, लेकिन निदेशालय से अभी तक इसे स्वीकृति नहीं मिल सकी है। योजना स्वीकृत होने और धनराशि आने के बाद ही आगे काम किया जा सकेगा।
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वर्तमान में जिले में 1272 हैंडपंप हैं। जिनमें से अलग-अलग ब्लॉकों में स्थित करीब 250 हैंडपंपों में गंदा पानी आने की शिकायत लगातार आ रही थी। लोगों ने इस संबंध में जल संस्थान से भी शिकायत की थी। अधिकतर हैंडपंप जो पुराने हो गए हैं उनमें से जंग लगा रंगीन गंदा पानी बाहर आ रहा था। जिसके बाद जल संस्थान ने कार्ययोजना बनाकर गंदा पानी निकालने वाले ऐसे हैंडपंपों में आयरन रिमूवल किट लगाने का प्रस्ताव बनाकर निदेशालय को भेजा था। लेकिन इस योजना के लिए पैसा आना तो दूर निदेशालय से इस योजना को स्वीकृति भी नहीं मिली है। फिलहाल जल संस्थान लोगों से ऐसे हैंडपंपों का पानी पीने के लिए प्रयोग नहीं करने की सलाह दे रहा है।
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जल संस्थान के अधिशासी अभियंता केएस खाती ने बताया कि एक माह पूर्व कार्ययोजना बनाकर भेजी थी, लेकिन निदेशालय से अभी तक इसे स्वीकृति नहीं मिल सकी है। योजना स्वीकृत होने और धनराशि आने के बाद ही आगे काम किया जा सकेगा।
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